
स्थान -खटीमा

रिपोटर -अशोक सरकार

जनपद ऊधम सिंह नगर के खटीमा में प्रशासन की मौजूदगी में लगभग 125 एकड़ कृषि भूमि की खड़ी फसलों को बिना वैधानिक आदेश के जबरन नष्ट किए जाने को लेकर विधायक कापड़ी ने निकली महा जनाक्रोश रैली के माध्यम से मुख्यमंत्री और प्रधानमंत्री को प्रकरण में उच्च स्तरीय जांच एवं कार्रवाई की मांग की। हाल ही में एक अत्यंत गंभीर एवं चिंताजनक घटना घटित हुई है। जो प्राप्त तथ्यों के अनुसार प्रशासन की प्रत्यक्ष मौजूदगी में बिना किसी वैधानिक आदेश अथवा न्यायालय के निर्देश के 30 से अधिक बिना नंबर के ट्रैक्टरों द्वारा लगभग 125 एकड़ कृषि भूमि को जबरन जोत दिया गया।


जिस भूमि पर गन्ना, मटर, लाही एवं गेहूं की खड़ी फसलें थीं, जिन्हें पूर्ण रूप से नष्ट कर दिया गया। ग़ौरतलब है कि भूमि पिछले लगभग 60 वर्षों से एक शहीद परिवार द्वारा परिश्रमपूर्वक जोती-बोई जाती रही है, जिसने न केवल क्षेत्रीय कृषि उत्पादन में योगदान दिया बल्कि 500 से अधिक लोगों को प्रत्यक्ष एवं अप्रत्यक्ष रूप से रोजगार प्रदान कर खटीमा के विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। गौरतलब है कि लगभग 20 दिवस बीत जाने के उपरांत भी दोषियों के विरुद्ध कोई ठोस कार्रवाई न होना,यह एक अत्यंत चिंताजनक है। वही विधायक भुवन चंद्र कापडी ने प्रकरण की न्यायिक अथवा उच्च स्तरीय निष्पक्ष जांच कराई की मांग की।


वही दोषी अधिकारियों एवं संबंधित व्यक्तियों (भू-माफियाओं) के विरुद्ध कठोर विधिक कार्रवाई सुनिश्चित की जाए। भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकने हेतु स्पष्ट प्रशासनिक दिशा-निर्देश जारी किए जाएं। वही किसान निर्मल सिंह ने इस सारे प्रकरण को निंदनीय बताया। एक तरफ भगवान जोशी ने भी मीडिया के समक्छ सरकार के कार्यों को निंदक बताते हुए जताया रोष। वही क्षेत्रीय महिलाओं का भी आक्रोश बढ़ता जा रहा था। इस दौरान प्रशासनिक अधिकारी गीता गौतम ने बताया कि आज हमें जो ज्ञापन सौंपा है उसे उच्च अधिकारियों को प्रेषित कर दिया जाएगा।


