स्थान : ऋषिकेश
ब्यूरो रिपोर्ट


संगठित अपराधों में लिप्त आरोपियों के खिलाफ देहरादून पुलिस ने बड़ी कार्रवाई की है। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक देहरादून के निर्देश पर ऋषिकेश पुलिस ने अवैध वसूली, मारपीट और ब्लैकमेलिंग जैसी आपराधिक गतिविधियों में कथित रूप से शामिल गैंग लीडर जगजीत सिंह उर्फ जग्गा समेत चार आरोपियों के खिलाफ गैंगस्टर एक्ट के तहत मुकदमा दर्ज किया है। पुलिस ने कार्रवाई करते हुए तीन आरोपियों को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया।


पुलिस के अनुसार गैंग लीडर जगजीत सिंह उर्फ जग्गा अपने साथियों के साथ भूमि और पारिवारिक विवादों में लोगों को डराने-धमकाने, मारपीट करने, अवैध वसूली और ब्लैकमेलिंग जैसी गतिविधियों में शामिल रहा है। पुलिस का कहना है कि गिरोह के खिलाफ वर्ष 2016 से 2026 के बीच गंभीर आपराधिक मामलों के 11 अभियोग दर्ज हैं।



ऋषिकेश पुलिस के मुताबिक आरोपी और उसके साथी गिरोह बनाकर विवादों को जबरन सुलझाने का प्रयास करते थे। आरोप है कि लोगों की फोटो और वीडियो वायरल करने की धमकी देकर उनसे कथित तौर पर वसूली और ब्लैकमेलिंग की जाती थी। इसके अलावा घरों में घुसकर मारपीट, गाली-गलौज और जान से मारने की धमकी देने जैसी गतिविधियों के भी आरोप पुलिस ने लगाए हैं।

पुलिस के अनुसार आरोपियों की लगातार आपराधिक गतिविधियों और उनके कारण आम लोगों में भय एवं असुरक्षा की भावना पैदा होने के चलते गैंगस्टर एक्ट के तहत कार्रवाई की गई। सक्षम न्यायालय से अनुमोदन मिलने के बाद कोतवाली ऋषिकेश में मुकदमा संख्या 405/2026 के तहत गिरोहबंद एवं समाज विरोधी क्रियाकलाप निवारण अधिनियम की संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज किया गया है।

कार्रवाई के दौरान पुलिस ने गैंग लीडर जगजीत सिंह उर्फ जग्गा के घर से ‘किंग ऑफ उत्तराखंड’ लिखा एक बोर्ड भी बरामद किया। पुलिस का दावा है कि आरोपी इस बोर्ड के जरिए लोगों को प्रभावित और भयभीत करने का प्रयास करता था। पुलिस ने बोर्ड को भी अपनी कार्रवाई का हिस्सा बनाते हुए बरामद किया है।


गिरफ्तार आरोपियों में गैंग लीडर 39 वर्षीय जगजीत सिंह उर्फ जग्गा पुत्र हरविंद्र सिंह निवासी मायाकुंड, चंद्रेश्वर मार्ग ऋषिकेश, 20 वर्षीय प्रणव उर्फ राघव बत्रा पुत्र स्वर्गीय अश्वनी बत्रा निवासी सोमेश्वर नगर ऋषिकेश और 27 वर्षीय दीपेश कुमार पुत्र स्वर्गीय चरण नाथ निवासी कृष्णानगर कॉलोनी, आईडीपीएल क्षेत्र ऋषिकेश शामिल हैं। तीनों को न्यायालय में पेश कर दिया गया है।



मामले में नामजद चौथा आरोपी रवि गुप्ता पुत्र सुरेश चंद्र गुप्ता निवासी शिवाजी नगर, ऋषिकेश अभी फरार है। पुलिस टीम उसकी गिरफ्तारी के लिए संभावित ठिकानों पर लगातार दबिश दे रही है। पुलिस का कहना है कि फरार आरोपी को जल्द गिरफ्तार करने के लिए अलग-अलग टीमों को लगाया गया है।
पुलिस ने आरोपियों के आपराधिक इतिहास में वर्ष 2016 से 2026 तक कुल 11 मामले दर्ज होने की जानकारी दी है। इनमें मारपीट, धमकी, आबकारी अधिनियम, आईटी एक्ट, पोक्सो एक्ट, एससी-एसटी एक्ट और बीएनएस की विभिन्न धाराओं से जुड़े मामले शामिल हैं। पुलिस इन मामलों को आधार बनाकर गिरोह की गतिविधियों की जांच आगे बढ़ा रही है।

कार्रवाई में निरीक्षक यशपाल सिंह बिष्ट, निरीक्षक राकेश गुसाईं, वरिष्ठ उपनिरीक्षक नवीन जोशी, उपनिरीक्षक देवेंद्र पंवार समेत ऋषिकेश और डोईवाला पुलिस के अधिकारी व कर्मचारी शामिल रहे। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि संगठित अपराध और आपराधिक गिरोहों के खिलाफ अभियान आगे भी जारी रहेगा। फरार आरोपी की गिरफ्तारी के साथ मामले में पुलिस की कार्रवाई और तेज होने की संभावना है।

