

स्थान : बाजपुर
ब्यूरो रिपोर्ट

ऊधम सिंह नगर की बाजपुर शुगर मिल एक बार फिर विवादों में घिर गई है। इस बार मामला स्क्रैप बिक्री में कथित भारी घटतौली से जुड़ा है। किसानों, श्रमिकों और कांग्रेस नेताओं ने मिल प्रबंधन पर गंभीर आरोप लगाते हुए परिसर में धरना-प्रदर्शन किया। प्रदर्शन के दौरान आक्रोशित श्रमिकों ने कई कार्यालयों में तालाबंदी भी कर दी।


मामला स्क्रैप की तौल के दौरान कथित अनियमितता सामने आने के बाद तूल पकड़ गया। प्रदर्शनकारियों ने आरोप लगाया कि मिल से निकलने वाले स्क्रैप की बिक्री में बड़े स्तर पर गड़बड़ी की जा रही है, जिससे सरकारी संपत्ति को करोड़ों रुपये का नुकसान पहुंचने की आशंका है। उन्होंने पूरे प्रकरण की निष्पक्ष जांच कराने और दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की।


धरना-प्रदर्शन के दौरान किसानों, श्रमिकों और कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने मिल प्रबंधन के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। प्रदर्शनकारियों का कहना था कि लंबे समय से स्क्रैप बिक्री को लेकर शिकायतें मिल रही थीं, लेकिन अब तक कोई प्रभावी कार्रवाई नहीं की गई। उन्होंने चेतावनी दी कि जब तक मामले की पारदर्शी जांच नहीं होती, आंदोलन जारी रहेगा।


आक्रोशित श्रमिकों ने मिल के कई कार्यालयों पर ताले लगा दिए। उनका आरोप है कि यदि समय रहते अनियमितताओं की जांच नहीं की गई तो सरकारी संपत्ति को भारी आर्थिक नुकसान उठाना पड़ सकता है। प्रदर्शनकारियों ने पूरे मामले में जिम्मेदार अधिकारियों और कर्मचारियों की भूमिका की जांच की मांग उठाई।

वहीं, बाजपुर शुगर मिल की प्रधान प्रबंधक अमृता शर्मा ने मामले को गंभीर बताते हुए जांच कराने की बात कही है। उन्होंने कहा कि स्क्रैप घटतौली की शिकायत की जांच की जा रही है और जांच में यदि कोई अधिकारी या कर्मचारी दोषी पाया जाता है तो उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।

मिल प्रबंधन के आश्वासन के बाद भी किसानों और श्रमिकों का आक्रोश बना हुआ है। अब सभी की नजर जांच रिपोर्ट और प्रशासन की आगामी कार्रवाई पर टिकी है।



