

स्थान : बाजपुर
ब्यूरो रिपोर्ट

केलाखेड़ा नगर पंचायत में करीब 82 लाख 59 हजार रुपये की लागत से बन रहे लगभग 600 मीटर लंबे नाले का निर्माण कार्य पहली ही बारिश में सवालों के घेरे में आ गया है। स्थानीय लोगों का आरोप है कि घटिया निर्माण सामग्री और निम्न स्तर की गुणवत्ता के कारण नाले का एक हिस्सा भरभराकर गिर गया।


स्थानीय निवासियों के अनुसार, निर्माण कार्य पूरा भी नहीं हुआ था कि बारिश के दौरान नाले की संरचना कमजोर पड़ गई और उसका एक हिस्सा टूट गया। इस घटना ने निर्माण कार्य की गुणवत्ता और निगरानी व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।



सूत्रों के मुताबिक, इस परियोजना के लिए करीब 60 लाख रुपये का अग्रिम भुगतान भी पहले ही किया जा चुका है। ऐसे में निर्माण कार्य में हुई इस लापरवाही को लेकर सरकारी धन के उपयोग पर भी सवाल उठने लगे हैं।


अब बड़ा सवाल यह उठ रहा है कि इस कथित अनियमितता और निर्माण में हुई गड़बड़ी की जिम्मेदारी कौन लेगा। स्थानीय लोगों ने निर्माणदायी संस्था और कार्य की निगरानी करने वाले अधिकारियों पर कार्रवाई की मांग की है।

लोगों का कहना है कि सरकारी योजनाओं में पारदर्शिता और गुणवत्ता सुनिश्चित करने के दावे किए जाते हैं, लेकिन जमीनी स्तर पर स्थिति इसके विपरीत दिखाई देती है। पहली ही बारिश में संरचना का ढहना गंभीर लापरवाही को दर्शाता है।

स्थानीय नागरिकों ने मामले की उच्च स्तरीय जांच की मांग करते हुए कहा है कि यदि समय रहते कार्रवाई नहीं की गई तो ऐसे निर्माण कार्यों में भ्रष्टाचार और अनियमितताओं को बढ़ावा मिलेगा।


इस मामले को लेकर प्रशासन और संबंधित विभाग की ओर से अब तक कोई आधिकारिक बयान सामने नहीं आया है, जिससे लोगों की चिंता और भी बढ़ गई है।
फिलहाल स्थानीय लोग सरकार से मांग कर रहे हैं कि इस पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषियों की जिम्मेदारी तय की जाए, ताकि भविष्य में इस तरह की घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो।

