

स्थान : लोहाघाट( चंपावत)
रिपोर्ट : लक्ष्मण बिष्ट


लोहाघाट में बुधवार रात हुई मूसलाधार बारिश ने निर्माण कार्यों की गुणवत्ता पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। फायर स्टेशन के पास स्थित अस्पताल कैंपस की दो महीने पूर्व निर्मित बाउंड्री वॉल बीम सहित भरभरा कर गिर गई, जिससे पुलिस और अग्निशमन विभाग के कई वाहन क्षतिग्रस्त हो गए। इसके अलावा महिला फायर कर्मियों के आवासीय परिसर को भी भारी नुकसान पहुंचा है।



भारी बारिश में धराशाई हुई दीवार

जानकारी के अनुसार, यह दीवार उत्तराखंड कृषि उत्पादन विपणन बोर्ड, रुद्रपुर द्वारा स्वास्थ्य विभाग की भूमि पर करीब दो माह पूर्व ही बनाई गई थी। लेकिन बुधवार की बारिश ने निर्माण की गुणवत्ता की पोल खोल दी, जब पूरी दीवार भारी बीमों सहित गिर गई।


कई वाहन क्षतिग्रस्त, बैरक को भी नुकसान

इस हादसे में लोहाघाट थानाध्यक्ष का सरकारी वाहन, फायर स्टेशन का अग्निशमन वाहन, तथा फायर कर्मी भरत सिंह की निजी कार को नुकसान पहुंचा है। साथ ही महिला फायर कर्मियों की बैरक भी आंशिक रूप से क्षतिग्रस्त हो गई है।


फायर स्टेशन प्रभारी हंसदास सागर ने दीवार की निर्माण गुणवत्ता पर सवाल उठाते हुए कहा:

“यह दीवार एक सामान्य बारिश तक नहीं झेल पाई, निर्माण कार्य में घोर लापरवाही की गई है।”
बड़ी दुर्घटना टली, जांच की मांग

गनीमत रही कि महिला फायर कर्मियों को कोई शारीरिक क्षति नहीं हुई, अन्यथा यह घटना बड़ा रूप ले सकती थी।
स्थानीय लोगों और विभागीय अधिकारियों ने भी निर्माण कार्य की स्वतंत्र जांच की मांग की है। उन्होंने बताया कि


“निर्माण एजेंसी ने दो-दो फीट की दूरी में भारी बीमें खड़ी कर दी थीं, जो ढांचागत दृष्टि से खतरनाक थी।”


निष्कर्ष:
लोहाघाट में हालिया हुई यह घटना निर्माण कार्यों में गुणवत्ता और पारदर्शिता की कमी को उजागर करती है। प्रशासन को जल्द से जल्द इसकी जांच कर दोषियों पर कार्रवाई करनी चाहिए, ताकि भविष्य में इस तरह की लापरवाही से जान-माल का नुकसान न हो।


