स्थान : बाजपुर
रिपोर्टर : विशेष शर्मा


बाजपुर में विशेष गहन पुनरीक्षण यानी SIR को लेकर कांग्रेस और प्रशासन के बीच तनातनी का मामला अब भी जारी है। पूर्व में तहसील परिसर में बड़ी संख्या में फॉर्म-7 आपत्तियां लाए जाने के घटनाक्रम के बाद शिकायत प्राप्ति की अंतिम तिथि पर कांग्रेस कार्यकर्ता तहसील परिसर में निगरानी करते नजर आए।


कांग्रेस कार्यकर्ताओं का कहना है कि बुधवार को एक व्यक्ति थैले में सैकड़ों आपत्तियां लेकर तहसील पहुंचा था। कार्यकर्ताओं के मुताबिक, उन्हें देखकर वह व्यक्ति करीब 1700 फॉर्म-7 वहीं छोड़कर चला गया था। कांग्रेस ने इसे संदिग्ध बताते हुए कथित फर्जी शिकायतकर्ता के खिलाफ कार्रवाई की मांग की थी।


मामले को लेकर कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने तहसील परिसर में धरना भी दिया था। इसके बाद एसडीएम बाजपुर ऋचा सिंह ने निर्देश दिए थे कि संबंधित शिकायतकर्ता स्वयं उपस्थित होकर आपत्तियां दर्ज कराएगा। प्रशासन के इस निर्देश का असर शिकायत प्राप्ति के अंतिम दिन दिखाई दिया।


कांग्रेस कार्यकर्ताओं के अनुसार, गुरुवार को तहसील में पहले की तुलना में काफी कम संख्या में आपत्तियां प्राप्त हुईं। इनमें भी अधिकांश ऐसे प्रकरण बताए जा रहे हैं, जिनमें संबंधित मतदाता का नाम किसी अन्य प्रदेश की मतदाता सूची में दर्ज होने की बात सामने आई है।
एसडीएम बाजपुर ऋचा सिंह ने बताया कि शिकायत प्राप्ति के अंतिम दिन मिली सभी आपत्तियों को निर्वाचन आयोग के सिस्टम में अपलोड किया जाएगा। उन्होंने कहा कि प्राप्त आपत्तियों पर सुनवाई की प्रक्रिया भी जारी है और नियमानुसार जल्द ही सभी मामलों का निस्तारण कर दिया जाएगा।



इसी बीच कांग्रेस के ऊधम सिंह नगर जिलाध्यक्ष हिमांशु गाबा भी बाजपुर तहसील पहुंचे। उन्होंने एसडीएम ऋचा सिंह से मुलाकात कर SIR प्रक्रिया को लेकर चर्चा की और कांग्रेस की ओर से उठाई जा रही आपत्तियों से प्रशासन को अवगत कराया।



हिमांशु गाबा ने कहा कि SIR प्रक्रिया में कथित धांधली को रोकने के लिए कांग्रेस को जिले की प्रत्येक विधानसभा में धरना-प्रदर्शन करना पड़ा है। उन्होंने कहा कि कांग्रेस किसी भी स्थिति में पात्र मतदाताओं के नाम मतदाता सूची से कटने नहीं देगी।
कांग्रेस जिलाध्यक्ष ने कहा कि जिस तरह पश्चिम बंगाल में लाखों वोट काटे जाने के आरोप सामने आए हैं, वैसी स्थिति उत्तराखंड में नहीं होने दी जाएगी। उन्होंने कहा कि किसी भी जायज मतदाता का नाम यदि हटाने की कोशिश की गई तो कांग्रेस उसका विरोध करेगी।

हिमांशु गाबा ने अधिकारियों को चेतावनी देते हुए कहा कि सरकारें आती-जाती रहती हैं। आज भाजपा की सरकार है तो कल कांग्रेस की सरकार भी हो सकती है। उन्होंने कहा कि यदि कोई अधिकारी पक्षपातपूर्ण तरीके से काम करता पाया गया तो ऐसे अधिकारियों को चिन्हित किया जाएगा।
फिलहाल बाजपुर में SIR को लेकर प्राप्त आपत्तियों की जांच और सुनवाई की प्रक्रिया जारी है। अब प्रशासन द्वारा आपत्तियों के सत्यापन और निस्तारण के बाद ही स्थिति पूरी तरह स्पष्ट हो सकेगी। वहीं कांग्रेस ने स्पष्ट किया है कि वह पूरी प्रक्रिया पर लगातार निगरानी बनाए रखेगी।

