

स्थान : खटीमा
रिपोर्टर : अशोक सरकार

ऊधम सिंह नगर के खटीमा में 25 जुलाई को निकाले गए मशाल जुलूस को लेकर राजनीतिक विवाद गहरा गया है। भाजपा युवा मोर्चा के प्रदेश उपाध्यक्ष सतीश चंद्र भट्ट समेत कई लोगों ने कोतवाली खटीमा में तहरीर देकर जुलूस में शामिल कुछ लोगों पर अभद्र भाषा का प्रयोग करने, आपत्तिजनक नारेबाजी करने और शहर का माहौल खराब करने का आरोप लगाया है। मामले में पुलिस से जांच कर कानूनी कार्रवाई की मांग की गई है।


तहरीर के अनुसार, मशाल जुलूस देवभूमि धर्मशाला से शुरू होकर सितारगंज रोड सहित शहर के विभिन्न मार्गों से होकर निकला था। शिकायतकर्ताओं का आरोप है कि जुलूस में कुछ अराजक तत्व भी शामिल थे, जिन्होंने कथित तौर पर प्रधानमंत्री और उत्तराखंड के मुख्यमंत्री के खिलाफ अभद्र भाषा का इस्तेमाल करते हुए नारेबाजी की।



भाजपा युवा मोर्चा के प्रदेश उपाध्यक्ष सतीश चंद्र भट्ट का आरोप है कि इस तरह की नारेबाजी से सामाजिक सौहार्द और शहर का माहौल प्रभावित हुआ। उन्होंने कहा कि लोकतांत्रिक तरीके से विरोध प्रदर्शन करना सभी का अधिकार है, लेकिन किसी भी व्यक्ति या संवैधानिक पद पर बैठे लोगों के खिलाफ कथित रूप से अभद्र भाषा का प्रयोग स्वीकार्य नहीं है।

तहरीर में यह भी उल्लेख किया गया है कि जुलूस के दौरान शहर के प्रमुख मार्गों पर जाम की स्थिति उत्पन्न हो गई, जिससे आम नागरिकों और राहगीरों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ा। शिकायतकर्ताओं ने इसे प्रशासनिक व्यवस्था और कानून-व्यवस्था के लिए भी चुनौती बताया है।
भाजपा युवा मोर्चा ने पुलिस से पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषी पाए जाने वाले लोगों के खिलाफ नियमानुसार रिपोर्ट दर्ज कर सख्त कानूनी कार्रवाई करने की मांग की है। उनका कहना है कि कानून का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ समान रूप से कार्रवाई होनी चाहिए।


फिलहाल पुलिस को तहरीर प्राप्त हो चुकी है। मामले में लगाए गए आरोपों की जांच की जा रही है। जांच पूरी होने के बाद ही यह स्पष्ट हो सकेगा कि शिकायत में लगाए गए आरोप कितने सही हैं और उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर आगे क्या कानूनी कार्रवाई की जाएगी।



