

स्थान : बाजपुर
रिपोर्टर : विशेष शर्मा

गुरुवार को बाजपुर में आपदा प्रबंधन की तैयारियों को परखने के उद्देश्य से नैनीताल मार्ग स्थित लेवड़ा नदी के पुल पर दरार आने की काल्पनिक सूचना के आधार पर व्यापक मॉक ड्रिल का आयोजन किया गया। इस दौरान प्रशासन ने आपदा की स्थिति में त्वरित प्रतिक्रिया और राहत कार्यों की तैयारियों का परीक्षण किया।


सूचना मिलते ही प्रशासन, एनडीआरएफ, पुलिस और स्वास्थ्य विभाग की टीमें तत्काल मौके पर पहुंचीं और राहत एवं बचाव अभियान शुरू कर दिया। सभी टीमों ने समन्वित तरीके से घटनास्थल पर स्थिति को नियंत्रित करने का प्रयास किया।



मॉक ड्रिल के दौरान प्रभावित क्षेत्र को सुरक्षित घेराबंदी में लेते हुए रेस्क्यू ऑपरेशन चलाया गया। आपदा जैसी स्थिति में लोगों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए सभी आवश्यक कदम उठाए गए।


अभ्यास के दौरान पांच घायलों को सुरक्षित बाहर निकालकर एंबुलेंस के माध्यम से प्राथमिक उपचार उपलब्ध कराया गया। स्वास्थ्य विभाग की टीमों ने मौके पर ही घायलों को प्राथमिक चिकित्सा दी और आगे के उपचार की व्यवस्था सुनिश्चित की।

इस दौरान विभिन्न विभागों के बीच आपसी समन्वय, त्वरित प्रतिक्रिया और आपातकालीन परिस्थितियों से निपटने की क्षमता का भी परीक्षण किया गया। अधिकारियों ने प्रत्येक चरण की बारीकी से समीक्षा की।

अधिकारियों ने बताया कि इस तरह की मॉक ड्रिल का उद्देश्य आपदा की स्थिति में राहत एवं बचाव कार्यों को अधिक प्रभावी और समयबद्ध बनाना है, ताकि वास्तविक आपदा के समय जनहानि और नुकसान को न्यूनतम किया जा सके।


प्रशासन ने कहा कि भविष्य में भी इस तरह के अभ्यास नियमित रूप से किए जाएंगे, जिससे आपदा प्रबंधन प्रणाली को और अधिक मजबूत और प्रभावी बनाया जा सके।

