खटीमा में सात डॉक्टरों के तबादले पर विरोध, आशा कार्यकर्ताओं ने किया धरना प्रदर्शन

खटीमा में सात डॉक्टरों के तबादले पर विरोध, आशा कार्यकर्ताओं ने किया धरना प्रदर्शन

स्थान : खटीमा
रिपोर्टर : अशोक सरकार

नागरिक चिकित्सालय खटीमा से सात डॉक्टरों के तबादले के विरोध में मंगलवार को आशा कार्यकर्ताओं ने अस्पताल परिसर में धरना-प्रदर्शन किया। प्रदर्शनकारियों ने सरकार से तबादला आदेश पर तत्काल रोक लगाने की मांग की और मुख्यमंत्री को संबोधित ज्ञापन भी सौंपा।

धरने के दौरान आशा यूनियन की अध्यक्ष केशवी देवी ने कहा कि खटीमा की जनता लंबे समय से इन डॉक्टरों से जुड़ी हुई है। ऐसे में एक साथ सात डॉक्टरों के स्थानांतरण से क्षेत्र के लोगों की भावनाओं को गहरी ठेस पहुंची है।

उन्होंने कहा कि अस्पताल पहले से ही डॉक्टरों की कमी से जूझ रहा है, ऐसे में इन तबादलों के बाद मरीजों को बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं मिलना और अधिक कठिन हो जाएगा। उन्होंने इसे जनहित के खिलाफ निर्णय बताया।

आशा कार्यकर्ताओं ने सरकार से मांग की कि जनहित को ध्यान में रखते हुए इन तबादलों पर पुनर्विचार किया जाए, ताकि खटीमा और आसपास के ग्रामीण क्षेत्रों से आने वाले मरीजों को किसी प्रकार की परेशानी न हो।

धरने के दौरान प्रदर्शनकारियों ने स्वास्थ्य सेवाओं को मजबूत करने और नागरिक चिकित्सालय में पर्याप्त संख्या में डॉक्टरों की स्थायी तैनाती सुनिश्चित करने की भी मांग उठाई।

इस प्रदर्शन में आज़ाद समाज पार्टी के कार्यकर्ता जितेंद्र सिंह औलख ने भी शामिल होकर सरकार के फैसले का विरोध किया। वहीं नीतू राणा ने भी तबादला आदेश को वापस लेने की मांग का समर्थन किया।

फिलहाल इस मामले को लेकर क्षेत्र में चर्चा तेज हो गई है। स्थानीय लोगों और विभिन्न संगठनों द्वारा भी डॉक्टरों के तबादले का विरोध किया जा रहा है, जिससे स्वास्थ्य व्यवस्था को लेकर चिंता बढ़ गई है।