सावन के पहले सोमवार पर महाकालेश्वर मंदिर में उमड़ी श्रद्धा, शिवभक्तों ने किया जलाभिषेक

सावन के पहले सोमवार पर महाकालेश्वर मंदिर में उमड़ी श्रद्धा, शिवभक्तों ने किया जलाभिषेक

स्थान : देहरादून
ब्यूरो रिपोर्ट

देवभूमि देहरादून के प्रसिद्ध महाकालेश्वर मंदिर में सावन के पहले सोमवार को शिवभक्तों में खासा उत्साह देखने को मिला। सुबह से ही मंदिर में श्रद्धालुओं की भीड़ जुटने लगी और भक्तों ने विधि-विधान के साथ भगवान भोलेनाथ की पूजा-अर्चना कर जलाभिषेक किया।

सावन मास के पवित्र अवसर पर मंदिर परिसर में विशेष धार्मिक अनुष्ठानों का आयोजन किया गया। श्रद्धालुओं ने दूध, बेलपत्र, पुष्प, गंगाजल सहित विभिन्न पूजन सामग्रियों से भगवान शिव का अभिषेक कर परिवार की सुख-समृद्धि और खुशहाली की कामना की। पूरे मंदिर परिसर में हर-हर महादेव के जयकारे गूंजते रहे।

मंदिर के आचार्य योगेश नौड़ियाल ने बताया कि सावन मास को सनातन धर्म में अत्यंत पुण्य और पवित्र महीना माना गया है। उन्होंने कहा कि इस माह में भगवान शिव की आराधना, जलाभिषेक और धार्मिक अनुष्ठानों का विशेष महत्व होता है तथा श्रद्धा भाव से पूजा करने पर भक्तों को भगवान भोलेनाथ की कृपा प्राप्त होती है।

आचार्य योगेश नौड़ियाल ने बताया कि धार्मिक मान्यताओं के अनुसार सावन में भगवान शिव को एक बेलपत्र अर्पित करने का भी विशेष महत्व है। उन्होंने श्रद्धालुओं से दूध, दही, घी और शक्कर से बने पंचामृत से भगवान शिव का अभिषेक करने तथा श्रद्धा और भक्ति के साथ पूजा-अर्चना करने की अपील की।

मंदिर में दर्शन के लिए पहुंचीं श्रद्धालु भोमा देवी और दिनाय ने कहा कि सावन के सोमवार का दिन शिव भक्तों के लिए बेहद खास होता है। इस दिन भगवान शिव का नाम जपने और बेलपत्र अर्पित करने से मन को शांति और सकारात्मक ऊर्जा की अनुभूति होती है।

श्रद्धालु अरुण ने कहा कि सावन का महीना और भगवान भोलेनाथ की भक्ति हर शिव भक्त के जीवन में विशेष स्थान रखती है। उन्होंने कहा कि सावन के सोमवार पर मंदिर में आकर पूजा करने से आध्यात्मिक सुख और आनंद की अनुभूति होती है।

सावन के पहले सोमवार पर महाकालेश्वर मंदिर पूरी तरह शिवमय नजर आया। बड़ी संख्या में पहुंचे श्रद्धालुओं ने भगवान शिव के दर्शन कर आशीर्वाद लिया और अपने परिवार की सुख-समृद्धि की प्रार्थना की। भक्ति और आस्था के इस माहौल ने पूरे मंदिर परिसर को धार्मिक ऊर्जा से भर दिया।