

स्थान : चंपावत
ब्यूरो रिपोर्ट

बनबसा जनपद चंपावत के बनबसा क्षेत्र में नाबालिग से दुष्कर्म के मामले को लेकर लोगों में भारी आक्रोश देखने को मिल रहा है। मुख्य आरोपी मेडिकल स्टोर संचालक की गिरफ्तारी के बाद भी स्थानीय लोगों और विभिन्न सामाजिक संगठनों का गुस्सा शांत नहीं हुआ है। न्याय की मांग को लेकर क्षेत्र में लगातार प्रदर्शन किए जा रहे हैं।


प्रदर्शनकारियों का आरोप है कि खटीमा के तीन व्यवसायी पीड़ित परिवार के घर पहुंचे और मामले में समझौता कराने के लिए प्रलोभन देने के साथ-साथ दबाव बनाने का प्रयास किया। इस घटना के सामने आने के बाद लोगों में और अधिक नाराजगी बढ़ गई है।



आंदोलन कर रहे लोगों का कहना है कि किसी भी आपराधिक मामले में पीड़ित परिवार को प्रभावित करने, धमकाने या समझौते के लिए दबाव बनाने वाले व्यक्तियों को भी अपराध का सहयोगी माना जाना चाहिए। उन्होंने ऐसे सभी लोगों की पहचान कर उनके खिलाफ कानूनी कार्रवाई की मांग की है।


प्रदर्शनकारियों ने प्रशासन को चेतावनी देते हुए कहा कि यदि जल्द ही इस मामले में उचित कार्रवाई नहीं की गई तो क्षेत्र में उग्र आंदोलन शुरू किया जाएगा। उन्होंने कहा कि ऐसी स्थिति में उत्पन्न होने वाली परिस्थितियों की पूरी जिम्मेदारी प्रशासन की होगी।

मामले की गंभीरता को देखते हुए टनकपुर की पुलिस क्षेत्राधिकारी नीहारिका सेमवाल बनबसा पहुंचीं और प्रदर्शनकारियों से बातचीत कर उनकी शिकायतें सुनीं। उन्होंने लोगों को निष्पक्ष और पारदर्शी जांच का भरोसा दिलाया।


पुलिस क्षेत्राधिकारी ने कहा कि यदि जांच के दौरान ऐसे लोगों के नाम सामने आते हैं जिन्होंने पीड़ित परिवार को प्रलोभन देने, धमकाने या जांच को प्रभावित करने का प्रयास किया है, तो उनके खिलाफ भी कठोर वैधानिक कार्रवाई की जाएगी।



उन्होंने स्पष्ट किया कि पुलिस पीड़ित परिवार को न्याय दिलाने के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है और मामले में किसी भी दोषी व्यक्ति को बख्शा नहीं जाएगा। पुलिस सभी पहलुओं की गंभीरता से जांच कर रही है।
फिलहाल मामले को लेकर क्षेत्र में तनावपूर्ण माहौल बना हुआ है। पुलिस और प्रशासन स्थिति पर लगातार नजर बनाए हुए हैं तथा कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए आवश्यक कदम उठाए जा रहे हैं।

