उत्तराखंड विधानसभा सत्र का दूसरा दिन , सदन में हंगामे के आसार, कई अहम मुद्दों पर सरकार को घेरेगी कांग्रेस

उत्तराखंड विधानसभा सत्र का दूसरा दिन , सदन में हंगामे के आसार, कई अहम मुद्दों पर सरकार को घेरेगी कांग्रेस

स्थान : चामोली
ब्यूरो रिपोर्ट

उत्तराखंड की ग्रीष्मकालीन राजधानी गैरसैंण के भराड़ीसैंण विधानसभा भवन में चल रहे दो दिवसीय विधानसभा सत्र का बुधवार को दूसरा और अंतिम दिन है। पहले दिन की राजनीतिक गहमागहमी के बाद दूसरे दिन भी सदन के भीतर और बाहर हंगामे के आसार बने हुए हैं। निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार सुबह 11 बजे सदन की कार्यवाही प्रश्नकाल से शुरू होनी थी। इस दौरान विपक्षी कांग्रेस विभिन्न जनहित के मुद्दों को लेकर सरकार को घेरने की तैयारी में है। वहीं, सरकार की प्राथमिकता अनुपूरक बजट और महत्वपूर्ण विधायी कार्यों को पूरा कराने पर रहेगी।

विधानसभा सत्र के दूसरे दिन प्रश्नकाल को महत्वपूर्ण माना जा रहा है। इसमें विभिन्न विधानसभा क्षेत्रों से जुड़े मुद्दों पर विधायक संबंधित विभागों के मंत्रियों से सवाल पूछेंगे। विपक्ष की ओर से बेरोजगारी, भ्रष्टाचार, कानून व्यवस्था, महंगाई और विकास कार्यों से जुड़े विषयों को उठाए जाने की संभावना है। कांग्रेस पहले ही इन मुद्दों पर सरकार के खिलाफ अपना विरोध दर्ज करा चुकी है। ऐसे में प्रश्नकाल के दौरान सत्ता पक्ष और विपक्ष के बीच तीखी नोकझोंक देखने को मिल सकती है।

सदन में विधायी कार्यों को लेकर भी महत्वपूर्ण गतिविधियां निर्धारित हैं। सत्र के पहले दिन मंगलवार को सरकार की ओर से नौ विधेयक और दो अध्यादेश सदन के पटल पर रखे गए थे। इनमें सिंचाई, वित्तीय प्रबंधन, निवेश, अल्पसंख्यक शिक्षा, अग्निशमन सेवाओं और जीएसटी से जुड़े विधायी प्रस्ताव शामिल हैं। दूसरे दिन इन प्रस्तावों पर आगे की कार्यवाही और विधेयकों को पारित कराने की प्रक्रिया निर्धारित है। हालांकि सभी प्रस्तावों को सर्वसम्मति से मंजूरी मिलने की आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है।

इसके साथ ही वित्तीय वर्ष 2026-27 के अनुपूरक बजट पर चर्चा और मतदान भी दूसरे दिन की कार्यवाही का महत्वपूर्ण हिस्सा है। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने मंगलवार को सदन में अनुपूरक अनुदान मांगें पेश की थीं। बुधवार को इन मांगों पर चर्चा के बाद उत्तराखंड विनियोग अनुपूरक विधेयक को पारित कराने की कार्यवाही निर्धारित है। सरकार की ओर से विभिन्न विभागों और विकास योजनाओं के लिए अतिरिक्त बजटीय प्रावधानों को मंजूरी दिलाने का प्रयास किया जाएगा।

दूसरी ओर कांग्रेस ने विधानसभा सत्र के दौरान सरकार के खिलाफ आक्रामक रुख अपनाने के संकेत दिए हैं। विपक्ष की ओर से प्रदेश में बेरोजगारी, कानून व्यवस्था, भ्रष्टाचार और जनसमस्याओं को लेकर सवाल उठाए जा रहे हैं। कांग्रेस नेताओं का आरोप है कि सरकार जनता से जुड़े महत्वपूर्ण मुद्दों पर अपेक्षित गंभीरता नहीं दिखा रही है। ऐसे में दूसरे दिन भी कांग्रेस विधायकों की ओर से सदन के भीतर विभिन्न विषयों पर जवाब मांगे जाने और विरोध दर्ज कराने की संभावना बनी हुई है।

विधानसभा सत्र के पहले दिन भी विपक्ष ने सरकार के खिलाफ विरोध प्रदर्शन किया था। कांग्रेस विधायकों ने विधानसभा परिसर में धरना देकर विभिन्न मुद्दों पर नाराजगी जाहिर की थी। वहीं, विधानसभा की ओर कूच करने का प्रयास कर रहे विभिन्न संगठनों के कार्यकर्ताओं को पुलिस ने सुरक्षा बैरियर पर रोका था। पहले दिन के विरोध प्रदर्शनों को देखते हुए दूसरे दिन भी विधानसभा परिसर और आसपास के क्षेत्रों में राजनीतिक गतिविधियां तेज रहने की संभावना है।

दो दिवसीय विधानसभा सत्र की अवधि को लेकर भी विपक्ष की ओर से सवाल उठाए गए हैं। कांग्रेस का कहना है कि प्रदेश से जुड़े अनेक महत्वपूर्ण मुद्दों पर विस्तृत चर्चा के लिए सदन को पर्याप्त समय दिया जाना चाहिए। विपक्ष ने सत्र की अवधि बढ़ाने की मांग भी उठाई है। वहीं, सरकार निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार अनुपूरक बजट और विधायी कार्यों को पूरा कराने की दिशा में आगे बढ़ रही है। कम समय में अधिक विधायी कार्य निर्धारित होने के कारण दूसरे दिन की कार्यवाही को महत्वपूर्ण माना जा रहा है।

फिलहाल भराड़ीसैंण में विधानसभा सत्र के दूसरे दिन सत्ता पक्ष और विपक्ष के बीच राजनीतिक टकराव की संभावना बनी हुई है। एक ओर धामी सरकार अनुपूरक बजट और महत्वपूर्ण विधेयकों को पारित कराने की तैयारी में है, तो दूसरी ओर कांग्रेस जनहित के विभिन्न मुद्दों पर सरकार से जवाब मांगने के लिए तैयार है। अब निगाहें सदन की कार्यवाही पर टिकी हैं कि महत्वपूर्ण विधायी प्रस्तावों पर किस तरह चर्चा होती है और विपक्ष द्वारा उठाए जाने वाले सवालों पर सरकार क्या जवाब देती है।