मां भगवती शक्तिपीठ से कैलाश के लिए रवाना हुई छतौली, भक्तों ने दी भावभीनी विदाई

मां भगवती शक्तिपीठ से कैलाश के लिए रवाना हुई छतौली, भक्तों ने दी भावभीनी विदाई

स्थान : लालकुआं
ब्यूरो रिपोर्ट

इंद्रानगर प्रथम एवं द्वितीय के मध्य स्थित मां भगवती शक्तिपीठ में मां नंदा-सुनंदा का पांच दिवसीय धार्मिक आयोजन श्रद्धा और उल्लास के साथ शुरू हो गया है। आयोजन को लेकर क्षेत्रवासियों और श्रद्धालुओं में खासा उत्साह देखने को मिला।

मंगलवार सुबह से ही मां भगवती शक्तिपीठ में भक्तों के पहुंचने का सिलसिला शुरू हो गया था। सुबह करीब सात बजे से श्रद्धालु मंदिर परिसर में जुटने लगे और कुछ ही देर में मंदिर के साथ आसपास का क्षेत्र भी श्रद्धालुओं से भर गया।

कार्यक्रम के तहत सुबह 10 बजे मंदिर प्रांगण से छतौली को विधि-विधान और पूजा-अर्चना के साथ विदाई दी गई। इस दौरान श्रद्धालुओं ने मां भगवती और मां नंदा-सुनंदा के जयकारे लगाए, जिससे पूरा वातावरण भक्तिमय हो गया।

छतौली गढ़वाल क्षेत्र में आयोजित होने वाली ऐतिहासिक नंदा देवी यात्रा में शामिल होगी। पांच दिनों तक चलने वाली इस धार्मिक यात्रा का समापन बदनी बुग्याल में होगा। यात्रा को लेकर श्रद्धालुओं और क्षेत्रवासियों में विशेष उत्साह बना हुआ है।

मां भगवती के कैलाश प्रस्थान के दौरान श्रद्धालुओं ने पारंपरिक विदाई गीत गाए। भक्तों ने भावुक होकर मां को अश्रुपूर्ण विदाई दी। इस दौरान मंदिर परिसर में आस्था और भावनाओं का अद्भुत संगम देखने को मिला।

पांच दिवसीय धार्मिक आयोजन के दौरान मां नंदा-सुनंदा से जुड़े विभिन्न धार्मिक अनुष्ठान और कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। आयोजन में स्थानीय लोगों का भी भरपूर सहयोग मिल रहा है और क्षेत्रवासी व्यवस्थाओं को सफल बनाने में जुटे हुए हैं।

आयोजन का समापन 20 सितंबर को विशाल भंडारे के साथ किया जाएगा। आयोजकों ने अधिक से अधिक श्रद्धालुओं से धार्मिक कार्यक्रमों में शामिल होकर मां नंदा-सुनंदा का आशीर्वाद प्राप्त करने की अपील की है।