बरसात के मौसम में पशुओं की देखभाल पर दें विशेष ध्यान, पशु चिकित्सा अधिकारी की किसानों को सलाह

बरसात के मौसम में पशुओं की देखभाल पर दें विशेष ध्यान, पशु चिकित्सा अधिकारी की किसानों को सलाह

स्थान – गदरपुर
ब्यूरो रिपोर्ट

बरसात के मौसम में बढ़ती नमी और लगातार बदलते मौसम को देखते हुए पशुपालकों को अपने पशुओं के स्वास्थ्य के प्रति विशेष सतर्क रहने की आवश्यकता है। गदरपुर के पशु चिकित्सा अधिकारी ने किसानों से अपील करते हुए कहा कि इस मौसम में थोड़ी सी लापरवाही भी पशुओं के स्वास्थ्य और दुग्ध उत्पादन पर प्रतिकूल प्रभाव डाल सकती है।

उन्होंने बताया कि बरसात के दौरान कभी अत्यधिक नमी, कभी बारिश और कभी तेज गर्मी जैसी परिस्थितियां बनती हैं। ऐसे में पशुशालाओं में पर्याप्त वेंटिलेशन की व्यवस्था होना बेहद जरूरी है, ताकि नमी के कारण पशुओं में संक्रमण और अन्य बीमारियों का खतरा कम किया जा सके।

पशु चिकित्सा अधिकारी ने बताया कि क्षेत्र में खुरपका-मुंहपका (एफएमडी) रोग के खिलाफ टीकाकरण अभियान पूरा किया जा चुका है। इसके बावजूद पशुओं को अन्य मौसमी बीमारियों से बचाने के लिए समय-समय पर आवश्यक विटामिन एवं पोषक तत्व देना जरूरी है, जिससे उनकी रोग प्रतिरोधक क्षमता बनी रहे और दुग्ध उत्पादन पर भी प्रतिकूल असर न पड़े।

उन्होंने किसानों को सलाह दी कि पशुओं को हमेशा सूखी और साफ जगह पर रखें तथा उन्हें बारिश में भीगने से बचाएं। पशुशाला में साफ-सफाई बनाए रखने और जलभराव न होने देने से कई संक्रामक बीमारियों से बचाव संभव है।

पशु चिकित्सा अधिकारी ने कहा कि यदि किसी पशु में बुखार, भूख कम लगना, सुस्ती या अन्य असामान्य लक्षण दिखाई दें तो तुरंत नजदीकी पशु चिकित्सालय से संपर्क करें। समय पर उपचार और उचित देखभाल से पशुओं को स्वस्थ रखा जा सकता है और पशुपालकों को आर्थिक नुकसान से भी बचाया जा सकता है।