चमोली में हेलीकॉप्टर दुर्घटनास्थल से लौट रहे AAIB अधिकारी की बिगड़ी तबीयत, पुलिस और SDRF ने कंधों पर उठाकर किया रेस्क्यू

चमोली में हेलीकॉप्टर दुर्घटनास्थल से लौट रहे AAIB अधिकारी की बिगड़ी तबीयत, पुलिस और SDRF ने कंधों पर उठाकर किया रेस्क्यू

स्थान : चमोली
रिपोर्टर : विनोद पांडे

उत्तराखंड के चमोली जिले में हेलीकॉप्टर दुर्घटनास्थल का निरीक्षण कर लौट रहे विमान दुर्घटना जांच ब्यूरो (AAIB) के एक अधिकारी की अचानक तबीयत बिगड़ने से मुश्किल स्थिति पैदा हो गई। दुर्गम पहाड़ी रास्ते में अधिकारी के चलने में असमर्थ होने की सूचना मिलते ही गोविंदघाट पुलिस और राज्य आपदा प्रतिवादन बल (SDRF) की टीम तत्काल रेस्क्यू अभियान के लिए रवाना हुई। पुलिस और एसडीआरएफ के जवानों ने कठिन भौगोलिक परिस्थितियों के बीच बीमार अधिकारी को अपने कंधों पर उठाकर सुरक्षित पांडुकेश्वर पहुंचाया। समय रहते चलाए गए रेस्क्यू अभियान से अधिकारी को सुरक्षित स्थान तक पहुंचाने में सफलता मिली।

जानकारी के अनुसार, 2 नवंबर 2026 की शाम करीब सात बजे पुलिस कंट्रोल रूम गोपेश्वर को आपातकालीन सेवा 112 के माध्यम से सूचना मिली कि कुछ लोग 1 नवंबर को पांडुकेश्वर के रास्ते हेलीकॉप्टर दुर्घटनास्थल का निरीक्षण करने के लिए गए थे। निरीक्षण के बाद वापस लौटते समय उनके साथ मौजूद एक व्यक्ति की अचानक तबीयत खराब हो गई। स्वास्थ्य संबंधी परेशानी बढ़ने के कारण वह पैदल आगे चलने में असमर्थ हो गए, जिसके बाद उनके साथ मौजूद लोगों ने पुलिस से सहायता मांगी।

सूचना प्राप्त होते ही कोतवाली गोविंदघाट पुलिस ने मामले को गंभीरता से लेते हुए तत्काल एसडीआरएफ टीम को सूचित किया। दुर्गम पहाड़ी क्षेत्र में एक व्यक्ति के फंसे होने और उसकी तबीयत खराब होने की जानकारी मिलने पर पुलिस और एसडीआरएफ की संयुक्त रेस्क्यू टीम को बताए गए स्थान के लिए रवाना किया गया। टीम ने बिना देरी किए प्रभावित व्यक्ति तक पहुंचने के प्रयास शुरू किए, ताकि उसे जल्द सुरक्षित स्थान पर पहुंचाया जा सके।

रेस्क्यू टीम जब मौके पर पहुंची तो जानकारी मिली कि अस्वस्थ व्यक्ति विमान दुर्घटना जांच ब्यूरो के अधिकारी दिनेश डांगी हैं। वह हेलीकॉप्टर दुर्घटनास्थल के निरीक्षण के लिए गए दल के साथ मौजूद थे। वापसी के दौरान अचानक स्वास्थ्य खराब होने के कारण वह पहाड़ी रास्ते पर आगे नहीं बढ़ पा रहे थे। कठिन चढ़ाई और दुर्गम रास्ते के कारण उन्हें सामान्य तरीके से नीचे लाना चुनौतीपूर्ण था।

चमोली जिले के ऊंचाई वाले क्षेत्रों में कठिन भौगोलिक परिस्थितियां रेस्क्यू अभियानों को चुनौतीपूर्ण बना देती हैं। पहाड़ी और दुर्गम रास्तों पर किसी अस्वस्थ व्यक्ति को सुरक्षित नीचे लाने के लिए विशेष सावधानी बरतनी पड़ती है। ऐसी ही परिस्थितियों के बीच गोविंदघाट पुलिस और एसडीआरएफ के जवानों ने अधिकारी दिनेश डांगी को सुरक्षित स्थान तक पहुंचाने की जिम्मेदारी संभाली। जवानों ने आपसी समन्वय के साथ रेस्क्यू अभियान को आगे बढ़ाया।

पुलिस और एसडीआरएफ के जवानों ने अधिकारी की स्वास्थ्य स्थिति और रास्ते की कठिनाइयों को देखते हुए उन्हें अपने कंधों पर उठाकर नीचे लाने का निर्णय लिया। इसके बाद जवानों ने दुर्गम पहाड़ी रास्ते से उन्हें सावधानीपूर्वक नीचे उतारना शुरू किया। कठिन परिस्थितियों के बावजूद रेस्क्यू टीम ने अभियान जारी रखा और अधिकारी को सुरक्षित पांडुकेश्वर पहुंचाने में सफलता हासिल की।

रेस्क्यू अभियान के दौरान पुलिस और एसडीआरएफ टीम की तत्परता महत्वपूर्ण रही। समय पर मिली सूचना के बाद दोनों टीमों ने तेजी से कार्रवाई करते हुए प्रभावित अधिकारी तक पहुंच बनाई। इसके बाद उन्हें सुरक्षित स्थान तक पहुंचाया गया। पुलिस से प्राप्त जानकारी के अनुसार, रेस्क्यू किए गए विमान दुर्घटना जांच ब्यूरो के अधिकारी दिनेश डांगी का स्वास्थ्य अब सामान्य है।

बताया जा रहा है कि अधिकारी दिनेश डांगी उस हेलीकॉप्टर दुर्घटनास्थल के निरीक्षण के लिए गए थे, जहां हाल ही में हेलीकॉप्टर दुर्घटना हुई थी। दुर्घटना से संबंधित जांच के सिलसिले में अधिकारी दुर्गम क्षेत्र में पहुंचे थे। निरीक्षण कार्य के बाद वापसी के दौरान उनकी तबीयत बिगड़ गई, जिससे उन्हें रेस्क्यू करने की आवश्यकता पड़ी। पुलिस और एसडीआरएफ की संयुक्त टीम ने समय रहते कार्रवाई करते हुए उन्हें सुरक्षित बाहर निकाला।

वहीं चमोली जिले में हुए इस रेस्क्यू अभियान ने एक बार फिर पर्वतीय क्षेत्रों में पुलिस और एसडीआरएफ की महत्वपूर्ण भूमिका को सामने रखा है। दुर्गम भौगोलिक परिस्थितियों और कठिन पहाड़ी रास्तों के बीच जवानों ने बीमार अधिकारी को कंधों पर उठाकर सुरक्षित स्थान तक पहुंचाया। गोविंदघाट पुलिस और एसडीआरएफ की त्वरित कार्रवाई से अधिकारी दिनेश डांगी को सुरक्षित पांडुकेश्वर पहुंचाया जा सका। राहत की बात यह रही कि रेस्क्यू के बाद उनकी स्वास्थ्य स्थिति सामान्य बताई गई है।