11.30 करोड़ की सड़क अधूरी, धूल से परेशान ग्रामीणों और स्कूली बच्चों ने लगाया जाम

11.30 करोड़ की सड़क अधूरी, धूल से परेशान ग्रामीणों और स्कूली बच्चों ने लगाया जाम

स्थान : गदरपुर
ब्यूरो रिपोर्ट

संजयनगर गांव में अधूरी सड़क और लगातार उड़ रही धूल से परेशान ग्रामीणों का गुस्सा गुरुवार को सड़क पर उतर आया। स्कूली बच्चों के साथ गांव के जेन अल्फा और जेन-जी युवाओं ने सड़क पर बल्लियां लगाकर यातायात रोक दिया और निर्माण कार्य जल्द पूरा करने की मांग की।

ग्रामीणों के अनुसार करीब 11.30 करोड़ रुपये की लागत से बनने वाली सड़क का निर्माण पिछले लगभग दस महीने से अधूरा पड़ा है। लोगों का आरोप है कि निर्माण में देरी के कारण सड़क से लगातार धूल और मिट्टी उड़ रही है, जिससे पूरे गांव का जनजीवन प्रभावित हो रहा है।

प्रदर्शन में बड़ी संख्या में स्कूली बच्चे भी शामिल हुए। बच्चों और युवाओं ने सड़क पर अवरोध लगाकर जाम लगाया और संबंधित विभाग तथा प्रशासन के खिलाफ नाराजगी जताई। ग्रामीणों का कहना है कि कई बार शिकायत करने के बावजूद समस्या का समाधान नहीं हुआ।

ग्राम प्रधान प्रतिनिधि जुल्फिकार अली ने कहा कि सड़क से उड़ने वाली धूल घरों, मंदिरों और यहां तक कि बिस्तरों तक पहुंच रही है। उनका कहना है कि लगातार धूल के कारण ग्रामीणों को सांस और अन्य स्वास्थ्य संबंधी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।

ग्रामीणों ने यह भी आरोप लगाया कि सड़क किनारे लगे पेड़ धूल की मोटी परत से सफेद हो चुके हैं। बारिश होने के बाद कुछ समय के लिए राहत मिलती है, लेकिन सूखते ही फिर से वही स्थिति बन जाती है।

शरद नाम के एक ग्रामीण ने आरोप लगाया कि सड़क से गुजरने वाले भारी वाहनों के टायरों से पत्थर उछलकर घरों तक पहुंच जाते हैं। उन्होंने दावा किया कि इससे कई बार घरों के शीशे टूट चुके हैं और बच्चों के चोटिल होने की घटनाएं भी सामने आई हैं।

एक अन्य ग्रामीण ने नाराजगी जताते हुए कहा कि हालात ऐसे हो गए हैं कि घरों में खाना बनाना और सामान्य जीवन जीना भी मुश्किल हो रहा है। उन्होंने व्यंग्यात्मक अंदाज में कहा कि राशन और गैस बच रही है, क्योंकि ग्रामीणों को दिनभर “धूल ही खानी पड़ रही है।”

ग्रामीणों ने चेतावनी दी कि यदि सड़क निर्माण का काम जल्द शुरू कर पूरा नहीं किया गया तो आंदोलन और तेज किया जाएगा। प्रदर्शनकारियों ने प्रशासन और संबंधित विभाग से मौके पर पहुंचकर सड़क निर्माण की समयसीमा तय करने और धूल से तत्काल राहत देने की मांग की।