नितिन नबीन के उत्तराखंड दौरे पर गरमाई सियासत, कांग्रेस ने प्रदेश प्रभारी को लेकर उठाए सवाल

नितिन नबीन के उत्तराखंड दौरे पर गरमाई सियासत, कांग्रेस ने प्रदेश प्रभारी को लेकर उठाए सवाल

स्थान : देहरादून
ब्यूरो रिपोर्ट

भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नबीन के उत्तराखंड दौरे को लेकर प्रदेश की सियासत गरमा गई है। नितिन नबीन 9 सितंबर से दो दिवसीय उत्तराखंड दौरे पर पहुंच रहे हैं। उनके दौरे को लेकर भाजपा संगठन तैयारियों में जुटा है, वहीं कांग्रेस ने कई सवाल खड़े करते हुए भाजपा पर निशाना साधा है।

राष्ट्रीय अध्यक्ष के दौरे को भाजपा आगामी राजनीतिक और संगठनात्मक रणनीति के लिहाज से महत्वपूर्ण मान रही है। पार्टी स्तर पर बैठकों और कार्यक्रमों की तैयारियां की जा रही हैं, जिनमें संगठन को मजबूत करने और आगामी चुनावों की रणनीति पर चर्चा होने की संभावना है।

वहीं कांग्रेस ने इस दौरे को लेकर भाजपा से प्रदेश प्रभारी की भूमिका पर सवाल पूछे हैं। कांग्रेस प्रवक्ता गरिमा दसौनी ने कहा कि भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष उत्तराखंड आ रहे हैं, लेकिन प्रदेश प्रभारी की सक्रियता कहीं नजर नहीं आ रही है।

गरिमा दसौनी ने सवाल किया कि जब चुनावी साल में पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष का महत्वपूर्ण दौरा हो रहा है, तब प्रदेश प्रभारी उत्तराखंड से दूरी क्यों बनाए हुए हैं। उन्होंने कहा कि प्रदेश प्रभारी की गैरमौजूदगी कई तरह के सवाल खड़े कर रही है।

कांग्रेस प्रवक्ता ने कहा कि भाजपा को स्पष्ट करना चाहिए कि प्रदेश प्रभारी की भूमिका क्या है और वह राष्ट्रीय अध्यक्ष के दौरे के दौरान सक्रिय क्यों नजर नहीं आ रहे हैं। उनका कहना है कि चुनावी तैयारियों के समय प्रदेश प्रभारी की भूमिका संगठन में बेहद अहम मानी जाती है।

गरिमा दसौनी ने कहा कि यदि भाजपा संगठन में प्रदेश प्रभारी को लेकर किसी तरह का बदलाव किया गया है तो इसकी जानकारी सार्वजनिक की जानी चाहिए। उन्होंने भाजपा से इस मामले में स्थिति स्पष्ट करने की मांग की।

कांग्रेस ने यह भी सवाल उठाया कि क्या प्रदेश भाजपा संगठन में सब कुछ ठीक चल रहा है। पार्टी का कहना है कि राष्ट्रीय अध्यक्ष के दौरे के समय प्रदेश प्रभारी की अनुपस्थिति को सामान्य तरीके से नहीं देखा जा सकता।

कांग्रेस नेताओं का कहना है कि भाजपा को संगठनात्मक स्थिति के साथ प्रदेश के जनहित से जुड़े मुद्दों पर भी जवाब देना चाहिए। उनका आरोप है कि प्रदेश में बेरोजगारी, पलायन और युवाओं से जुड़े कई मुद्दे अब भी प्रमुख चुनौती बने हुए हैं।

राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नबीन के दौरे से पहले भाजपा और कांग्रेस के बीच बयानबाजी तेज हो गई है। भाजपा जहां इस दौरे को संगठन को मजबूत करने और आगामी चुनावी रणनीति से जोड़ रही है, वहीं कांग्रेस प्रदेश प्रभारी की सक्रियता को लेकर लगातार सवाल उठा रही है।