स्थान : बाजपुर
रिपोर्टर : विशेष शर्मा


संयुक्त किसान मोर्चा के आह्वान पर सोमवार को किसानों और मजदूरों ने विभिन्न मांगों को लेकर प्रदर्शन किया। किसान नेता जगतार सिंह बाजवा के नेतृत्व में प्रतिनिधिमंडल ने एसडीएम ऋचा सिंह से मुलाकात कर राष्ट्रपति के नाम छह सूत्रीय ज्ञापन सौंपा।


ज्ञापन में किसानों ने फसलों पर न्यूनतम समर्थन मूल्य यानी MSP की कानूनी गारंटी देने की मांग प्रमुखता से उठाई। किसानों का कहना है कि फसलों का उचित मूल्य सुनिश्चित करने के लिए एमएसपी को कानूनी अधिकार बनाया जाना जरूरी है।



किसानों ने मनरेगा को मजबूत करने और ग्रामीण क्षेत्रों में रोजगार के अवसर बढ़ाने की भी मांग की। इसके साथ ही किसानों की कर्जमाफी का मुद्दा उठाते हुए कृषि क्षेत्र को आर्थिक रूप से राहत देने की मांग की गई।

ज्ञापन में बिजली और बीज से संबंधित प्रावधानों को वापस लेने की मांग भी शामिल रही। किसानों ने कहा कि कृषि क्षेत्र से जुड़े ऐसे प्रावधानों को लागू करने से पहले किसानों के हितों को ध्यान में रखा जाना चाहिए।
इसके अलावा बाजपुर के 20 गांवों की करीब 5,838 एकड़ भूमि के भूमिधरी अधिकार बहाल करने की मांग भी उठाई गई। किसानों का कहना है कि यह क्षेत्र के किसानों से जुड़ा महत्वपूर्ण मुद्दा है और इसका जल्द समाधान किया जाना चाहिए।


किसानों और मजदूरों ने एसडीएम के माध्यम से राष्ट्रपति को भेजे ज्ञापन में सभी मांगों पर गंभीरता से विचार कर जल्द कार्रवाई की मांग की। इस दौरान किसानों ने अपनी मांगों के समर्थन में नारेबाजी भी की।



किसान नेताओं ने चेतावनी दी कि यदि उनकी मांगों पर जल्द सकारात्मक कार्रवाई नहीं हुई तो आंदोलन को और तेज किया जाएगा। उन्होंने कहा कि किसानों के हितों से जुड़े मुद्दों को लेकर संयुक्त किसान मोर्चा आगे भी संघर्ष जारी रखेगा।
ज्ञापन सौंपने के दौरान किसान और मजदूर बड़ी संख्या में मौजूद रहे। प्रदर्शनकारियों ने कहा कि सरकार को किसानों की समस्याओं का समाधान बातचीत और ठोस निर्णय के माध्यम से करना चाहिए।

