खटीमा में आजाद समाज पार्टी का प्रदर्शन, पुलिस से हुई नोकझोंक

खटीमा में आजाद समाज पार्टी का प्रदर्शन, पुलिस से हुई नोकझोंक

स्थान : खटीमा
रिपोर्टर : अशोक सरकार

जनहित, सामाजिक न्याय और विभिन्न स्थानीय मुद्दों को लेकर आजाद समाज पार्टी (कांशीराम) के कार्यकर्ताओं ने मंगलवार को तहसील परिसर में धरना-प्रदर्शन किया। राष्ट्रीय प्रवक्ता नईम कुरैशी के नेतृत्व में कार्यकर्ता नारेबाजी करते हुए तहसील पहुंचे। पुलिस की ओर से बैरिकेडिंग कर उन्हें रोकने का प्रयास किए जाने पर कार्यकर्ताओं और पुलिसकर्मियों के बीच तीखी नोकझोंक हुई। इसके बाद कार्यकर्ता तहसील गेट के पास धरने पर बैठ गए।

प्रदर्शनकारियों ने एसडीएम को संबोधित ज्ञापन प्रशासन को सौंपते हुए कई मामलों में कार्रवाई की मांग की। एसडीएम के चुनाव संबंधी ड्यूटी पर होने के कारण तहसीलदार वीरेंद्र सजवाण ने ज्ञापन प्राप्त किया। पार्टी पदाधिकारियों ने प्रशासन से ज्ञापन में उठाए गए मुद्दों पर जांच कर आवश्यक कार्रवाई करने की मांग की।

पार्टी नेताओं ने गौटिया-इस्लाम नगर क्षेत्र में मतदाता सूची से कथित रूप से नाम हटाए जाने का मुद्दा प्रमुखता से उठाया। उनका आरोप था कि मतदाता सूची पुनरीक्षण की प्रक्रिया के दौरान कई नाम हटाए गए हैं। कार्यकर्ताओं ने प्रशासन से संबंधित मामलों की जांच कराने और पात्र मतदाताओं के नाम नियमानुसार सूची में शामिल किए जाने की मांग की।

प्रदर्शन के दौरान इंदु देवी और रामदास से जुड़े मामलों को भी उठाया गया। पार्टी पदाधिकारियों ने आरोप लगाया कि इन मामलों में जातिसूचक गालियां देने और हमला किए जाने जैसी शिकायतें सामने आई हैं। उन्होंने प्रशासन और पुलिस से शिकायतों की निष्पक्ष जांच कर तथ्यों के आधार पर कानूनी कार्रवाई करने की मांग की।

आजाद समाज पार्टी के नेताओं ने अनुसूचित जाति और मुस्लिम बहुल क्षेत्रों में विकास कार्यों और बुनियादी सुविधाओं का मुद्दा भी उठाया। उनका कहना था कि सभी क्षेत्रों में विकास कार्य समान रूप से होने चाहिए और किसी भी समुदाय या क्षेत्र के साथ भेदभाव नहीं होना चाहिए। पार्टी ने स्थानीय व्यापारियों की समस्याओं के समाधान की भी मांग रखी।

प्रदर्शनकारियों ने धार्मिक स्थलों से लाउडस्पीकर हटाए जाने के मामलों पर भी आपत्ति जताई। पार्टी का कहना था कि ऐसे मामलों में प्रशासन को सभी पक्षों पर समान नियम और निर्धारित कानूनी प्रक्रिया लागू करनी चाहिए। इसके साथ ही अनुसूचित जाति समुदाय के एक व्यक्ति को कथित रूप से मंदिर में प्रवेश नहीं देने का मामला भी ज्ञापन में उठाया गया।

आजाद समाज पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष लेखराज गौतम ने इस दौरान सरकार की नीतियों की आलोचना की। उन्होंने कहा कि दलितों, अल्पसंख्यकों और कमजोर वर्गों के अधिकारों तथा सुरक्षा से जुड़े मामलों में प्रशासन को संवेदनशीलता और निष्पक्षता के साथ कार्रवाई करनी चाहिए। उन्होंने पार्टी की ओर से उठाए गए मुद्दों के शीघ्र समाधान की मांग की।

तहसीलदार वीरेंद्र सजवाण ने बताया कि आजाद समाज पार्टी की ओर से एसडीएम को संबोधित ज्ञापन दिया गया है। उन्होंने कहा कि एसडीएम के चुनाव ड्यूटी में होने के कारण उन्होंने ज्ञापन प्राप्त किया। ज्ञापन में मतदाता सूची, धार्मिक स्थलों से लाउडस्पीकर हटाए जाने और अनुसूचित जाति समुदाय से जुड़े एक प्रकरण सहित विभिन्न मुद्दे उठाए गए हैं।

प्रशासन की ओर से ज्ञापन में उठाए गए मामलों को संज्ञान में लेकर संबंधित विभागों के स्तर पर परीक्षण और आवश्यक कार्रवाई की बात कही गई। वहीं पार्टी पदाधिकारियों ने कहा कि उनका प्रदर्शन लोकतांत्रिक तरीके से अपनी मांगें प्रशासन तक पहुंचाने के लिए किया गया है और यदि समस्याओं का समाधान नहीं हुआ तो संगठन आगे भी जनहित और सामाजिक न्याय से जुड़े मुद्दों को उठाता रहेगा।