हरिद्वार जिला सहकारी बैंक की नई टीम ने किसानों को दी प्राथमिकता

हरिद्वार जिला सहकारी बैंक की नई टीम ने किसानों को दी प्राथमिकता

स्थान : रुड़की
ब्यूरो रिपोर्ट

हरिद्वार जिला सहकारी बैंक के हालिया चुनाव में बिजेंद्र सिंह को अध्यक्ष और सुशील राठी को उपाध्यक्ष की जिम्मेदारी निर्विरोध मिलने के बाद नई टीम ने बैंक की प्राथमिकताओं को लेकर अपनी दिशा स्पष्ट कर दी है। नई कार्यकारिणी ने किसानों और ग्रामीण क्षेत्र के लोगों को बेहतर बैंकिंग सुविधाएं उपलब्ध कराने पर विशेष जोर देने की बात कही है।

उपाध्यक्ष सुशील राठी ने पत्रकारों से बातचीत में कहा कि सहकारिता व्यवस्था किसानों और ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूत करने का महत्वपूर्ण माध्यम है। उन्होंने कहा कि निर्विरोध निर्वाचन उनके लिए सम्मान के साथ-साथ बड़ी जिम्मेदारी भी है।

सुशील राठी ने कहा कि बैंक की योजनाओं और सुविधाओं का लाभ अधिक से अधिक किसानों और ग्रामीण क्षेत्र के लोगों तक आसानी से पहुंचे, इसके लिए बैंकिंग व्यवस्था को सरल, पारदर्शी और प्रभावी बनाया जाएगा। ग्राहकों को बैंकिंग प्रक्रिया में अनावश्यक परेशानियों का सामना न करना पड़े, इस दिशा में भी काम किया जाएगा।

उन्होंने कहा कि किसानों को कृषि कार्यों के लिए समय पर और सरल प्रक्रिया से ऋण उपलब्ध कराना नई टीम की प्रमुख प्राथमिकताओं में शामिल रहेगा। किसानों की आर्थिक जरूरतों को ध्यान में रखते हुए ऋण व्यवस्था को और सुगम बनाने का प्रयास किया जाएगा।

इसके साथ ही खाद, बीज और अन्य कृषि जरूरतों से जुड़ी आर्थिक सहायता किसानों तक बेहतर तरीके से पहुंचाने पर भी जोर दिया जाएगा। बैंक की कोशिश रहेगी कि कृषि से जुड़े लोगों को जरूरत के समय आवश्यक वित्तीय सहयोग उपलब्ध हो सके।

ग्रामीण उपभोक्ताओं की सुविधा के लिए डिजिटल बैंकिंग सेवाओं के विस्तार की भी योजना है। सुशील राठी ने कहा कि आधुनिक तकनीक और डिजिटल सुविधाओं को मजबूत कर ग्रामीण ग्राहकों को छोटी-छोटी बैंकिंग जरूरतों के लिए बार-बार शाखाओं के चक्कर न लगाने पड़ें, इस दिशा में कदम उठाए जाएंगे।

उपाध्यक्ष ने कहा कि अध्यक्ष बिजेंद्र सिंह के नेतृत्व में बैंक को अधिक पारदर्शी, जवाबदेह और जनहितकारी बनाने की दिशा में काम किया जाएगा। बैंकिंग व्यवस्था में ग्राहकों का विश्वास मजबूत करना और सेवाओं को बेहतर बनाना नई टीम का प्रमुख लक्ष्य रहेगा।

सुशील राठी ने कहा कि सहकारिता का वास्तविक उद्देश्य तभी पूरा होगा, जब बैंक की योजनाओं और सुविधाओं का सीधा लाभ किसानों, ग्रामीणों और आम जनता तक पहुंचे। नई टीम ने किसानों की जरूरतों को प्राथमिकता देते हुए सहकारी बैंकिंग व्यवस्था को और मजबूत बनाने का संकल्प लिया है।