
स्थान : रामनगर
ब्यूरो रिपोर्ट

सड़क सुरक्षा को मजबूत बनाने और यातायात नियमों का पालन सुनिश्चित कराने के उद्देश्य से एआरटीओ प्रवर्तन विभाग की टीम ने रामनगर क्षेत्र में विशेष चेकिंग अभियान चलाया। इस दौरान ओवरलोड वाहनों और अवैध रूप से संचालित जुगाड़ वाहनों के खिलाफ कार्रवाई की गई। अभियान के तहत आठ वाहनों को सीज किया गया, जबकि 20 से अधिक वाहनों के चालान काटे गए। विभाग की इस कार्रवाई से नियमों का उल्लंघन करने वाले वाहन संचालकों में हलचल रही।

एआरटीओ प्रवर्तन पंकज श्रीवास्तव ने बताया कि परिवहन विभाग की ओर से सड़क सुरक्षा और यातायात नियमों के पालन को लेकर नियमित रूप से चेकिंग अभियान चलाए जाते हैं। इस बार विशेष रूप से सुबह और रात के समय सड़कों पर चलने वाले ओवरलोड वाहनों को जांच के दायरे में रखा गया। उन्होंने बताया कि निर्माण सामग्री और अन्य भारी सामान ढोने वाले वाहनों की जांच की गई तथा नियमों का उल्लंघन मिलने पर कार्रवाई की गई।




उन्होंने बताया कि कई मालवाहक वाहन सीमेंट, सरिया और अन्य निर्माण सामग्री लेकर सड़कों पर चलते हैं। इनमें कई बार सरिया जैसी सामग्री वाहन के बाहर तक निकली रहती है, जिससे सड़क पर चलने वाले अन्य वाहन चालकों और राहगीरों के लिए दुर्घटना का खतरा बढ़ जाता है। ऐसे वाहनों से सड़क हादसों की आशंका बनी रहती है। इसी को देखते हुए विभाग ने विशेष अभियान के दौरान ओवरलोडिंग और असुरक्षित तरीके से माल ढुलाई करने वाले वाहनों पर कार्रवाई की।


अभियान के दौरान अवैध रूप से तैयार किए गए जुगाड़ वाहनों पर भी शिकंजा कसा गया। एआरटीओ ने बताया कि कई लोग बाइक या अन्य वाहनों में बदलाव कर उन्हें माल ढुलाई के लिए इस्तेमाल कर रहे हैं। ऐसे वाहन निर्धारित तकनीकी मानकों और मोटर वाहन अधिनियम के नियमों का उल्लंघन कर सकते हैं। उन्होंने कहा कि इस प्रकार के वाहनों का संचालन सड़क सुरक्षा के लिहाज से गंभीर खतरा पैदा कर सकता है।


पंकज श्रीवास्तव ने बताया कि जुगाड़ वाहनों में कई बार वैध बीमा, प्रदूषण नियंत्रण प्रमाणपत्र और अन्य आवश्यक दस्तावेज उपलब्ध नहीं होते हैं। इसके अलावा इन वाहनों की बनावट और सुरक्षा मानकों को लेकर भी सवाल खड़े होते हैं। उन्होंने कहा कि बिना आवश्यक दस्तावेजों और मानकों के ऐसे वाहनों का सड़क पर संचालन करना नियमों के विरुद्ध है। इसी कारण विभाग की ओर से अवैध जुगाड़ वाहनों के खिलाफ विशेष कार्रवाई की जा रही है।

एआरटीओ प्रवर्तन ने कहा कि अवैध जुगाड़ वाहनों के संचालन से नियमों के अनुसार व्यवसाय करने वाले छोटे मालवाहक वाहन संचालकों को भी आर्थिक नुकसान उठाना पड़ता है। ई-कार्ट, डिलीवरी वैन और छोटे मालवाहक टेंपो संचालक आवश्यक दस्तावेजों और नियमों का पालन करते हुए अपना व्यवसाय करते हैं, जबकि अवैध जुगाड़ वाहन बिना निर्धारित प्रक्रिया का पालन किए माल ढुलाई में लगे रहते हैं। इससे वैध वाहन संचालकों के सामने प्रतिस्पर्धा की समस्या भी पैदा होती है।



उन्होंने बताया कि जुगाड़ वाहनों के खिलाफ विभाग की ओर से पहले भी कार्रवाई की जा चुकी है, लेकिन इसके बावजूद ऐसे वाहनों का संचालन सामने आ रहा है। इसी को देखते हुए दोबारा विशेष अभियान चलाकर कार्रवाई की गई। उन्होंने कहा कि विभाग का उद्देश्य केवल चालान करना नहीं, बल्कि सड़क दुर्घटनाओं की रोकथाम करना और सभी वाहन संचालकों को यातायात नियमों के प्रति जागरूक करना भी है। नियमों का पालन करने से सड़क हादसों के जोखिम को कम किया जा सकता है।


एआरटीओ प्रवर्तन पंकज श्रीवास्तव ने क्षेत्र के व्यापारियों और मालवाहक वाहन संचालकों से अपील की कि सामान की ढुलाई के लिए केवल वैध और नियमानुसार संचालित वाहनों का ही उपयोग करें। उन्होंने कहा कि ओवरलोडिंग और अवैध रूप से तैयार वाहनों का संचालन किसी भी स्थिति में स्वीकार नहीं किया जाएगा। सड़क सुरक्षा से समझौता करने वालों के खिलाफ आगे भी कार्रवाई जारी रहेगी। परिवहन विभाग ने स्पष्ट किया कि रामनगर सहित आसपास के क्षेत्रों में नियमों का उल्लंघन करने वाले वाहनों पर लगातार निगरानी रखी जाएगी।

