
स्थान – खटीमा (ऊधम सिंह नगर)
रिपोर्टर – अशोक सरकार

उत्तराखंड के ऊधम सिंह नगर जिले के खटीमा में धान खरीद में अनियमितताओं की शिकायतों के बाद जिला प्रशासन ने बड़ी कार्रवाई की है। उपजिलाधिकारी तुषार सैनी के नेतृत्व में प्रशासनिक टीम ने 30 से अधिक धान खरीद केंद्रों पर एक साथ छापेमारी कर जांच की। इस दौरान कई केंद्रों पर अनियमितताएं सामने आईं, जबकि करीब 1400 क्विंटल धान के अवैध भंडारण का मामला भी पकड़ा गया।

प्रशासन की इस कार्रवाई से धान खरीद व्यवस्था से जुड़े केंद्र संचालकों में हड़कंप मच गया। जांच के दौरान कुछ केंद्रों पर खरीद रजिस्टर व्यवस्थित नहीं मिले, तो कहीं सीसीटीवी कैमरे बंद पाए गए। इसके अलावा धान की तौल और खरीद प्रक्रिया में भी गड़बड़ियों की शिकायतें सामने आईं।




चकरपुर और अलावर्दी में भी जांच
किसानों से लगातार मिल रही शिकायतों के आधार पर प्रशासन ने चकरपुर, अलावर्दी सहित विभिन्न क्षेत्रों में धान खरीद केंद्रों का निरीक्षण किया। जांच के दौरान सड़क किनारे धान का अवैध भंडारण किए जाने का मामला सामने आया। वहीं, कुछ निजी व्यक्तियों द्वारा नियमों के विरुद्ध किसानों से धान खरीदे जाने की बात भी सामने आई है।


प्रारंभिक जांच में करीब 1400 क्विंटल धान के अवैध भंडारण का मामला सामने आने के बाद मंडी समिति को जुर्माना लगाने और नियमानुसार कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए हैं।


अनियमितता मिलने पर केंद्र होंगे निरस्त

उपजिलाधिकारी तुषार सैनी ने बताया कि जिन धान खरीद केंद्रों पर अनियमितताएं पाई गई हैं, उनके खिलाफ कार्रवाई के लिए जिलाधिकारी को रिपोर्ट भेजी जा रही है। जांच में दोषी पाए जाने वाले केंद्रों को निरस्त करने के साथ संबंधित लोगों के खिलाफ वैधानिक कार्रवाई की जाएगी।

उन्होंने स्पष्ट किया कि सरकार की धान खरीद नीति का उद्देश्य किसानों को उनकी उपज का लाभ दिलाना है। इस प्रक्रिया में किसी भी तरह की गड़बड़ी या किसानों के हितों की अनदेखी बर्दाश्त नहीं की जाएगी।



प्रशासन की इस कार्रवाई के बाद धान खरीद व्यवस्था की निगरानी और जवाबदेही को लेकर सवाल उठ रहे हैं। अब देखना होगा कि जांच रिपोर्ट के आधार पर संबंधित केंद्र संचालकों और जिम्मेदार लोगों के खिलाफ क्या कार्रवाई की जाती है।

