
स्थान : कालाढूंगी
ब्यूरो रिपोर्ट

तराई केंद्रीय वन प्रभाग की बरहैनी रेंज में सोमवार शाम गश्त के दौरान खैर तस्करों ने वनकर्मियों पर तमंचे और धारदार पाटल से हमला कर दिया। हमले में एक वनकर्मी की अंगुली घायल हो गई, जबकि दूसरा वनकर्मी बाल-बाल बच गया।

दक्षिणी बरहैनी बीट के वन बीट अधिकारी पंकज कुमार मौर्य ने मामले में दो आरोपियों के खिलाफ कालाढूंगी कोतवाली में नामजद तहरीर दी है। पुलिस ने शिकायत के आधार पर मामले की जांच शुरू कर दी है।


तहरीर के अनुसार पंकज कुमार मौर्य वन आरक्षी सागर पाल के साथ दक्षिणी बरहैनी बीट के प्लाट संख्या 9 से 10 की ओर गश्त कर रहे थे। इसी दौरान मोटरसाइकिल पर खैर के तीन गिल्टे लादकर दो लोग वहां पहुंचे।

वनकर्मियों ने जब उन्हें रोकने का प्रयास किया तो आरोप है कि प्रदीप सिंह उर्फ सोनू नटिया ने तमंचे से फायर कर दिया। हालांकि गोली लगने से दोनों वनकर्मी बच गए।



इसके बाद आरोपी मौके से भागने लगे। वन बीट अधिकारी पंकज कुमार मौर्य ने उनका पीछा किया तो आरोप है कि करन सिंह ने धारदार पाटल से उनके सिर पर वार कर दिया।
हमले से बचने के दौरान पंकज ने हाथ से पाटल रोकने की कोशिश की, जिससे उनकी अंगुली घायल हो गई। शोर सुनकर सरकारी वाहन से अन्य वनकर्मी भी मौके पर पहुंच गए, जिसके बाद आरोपी खैर की लकड़ी छोड़कर फरार हो गए।




रेंजर पूरन चंद्र जोशी के अनुसार मौके से 315 बोर का एक खोखा और खैर की लकड़ी के तीन नग बरामद किए गए हैं। उन्होंने बताया कि दोनों आरोपी पूर्व में भी आरक्षित वन क्षेत्र में प्रवेश कर वन संपदा को नुकसान पहुंचाने के मामलों में सामने आ चुके हैं।
वन विभाग का कहना है कि आरोपियों के खिलाफ पहले भी कालाढूंगी थाने में एफआईआर दर्ज है। वहीं एसएसआई पंकज जोशी ने बताया कि पूरे मामले की जांच की जा रही है और तथ्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।

