
स्थान : हरिद्वार
ब्यूरो रिपोर्ट :

भेल (भारत हेवी इलेक्ट्रिकल्स लिमिटेड) में दिवाली बोनस की घोषणा नहीं होने से कर्मचारियों में नाराजगी बढ़ती जा रही है। इसी को लेकर हैवी इलेक्ट्रिकल वर्कर्स ट्रेड यूनियन ने भेल के फाउंड्री गेट पर प्रबंधन के खिलाफ जोरदार प्रदर्शन किया। कर्मचारियों ने बोनस की जल्द घोषणा करने के साथ ही लंबे समय से लंबित विभिन्न समस्याओं के समाधान की मांग उठाई। यूनियन ने चेतावनी दी कि यदि प्रबंधन ने कर्मचारियों की मांगों पर जल्द सकारात्मक निर्णय नहीं लिया तो आंदोलन तेज किया जाएगा।

भेल के फाउंड्री गेट पर एकत्र हुए यूनियन पदाधिकारियों और कर्मचारियों ने प्रबंधन की कार्यप्रणाली पर नाराजगी जताई। यूनियन का कहना है कि कर्मचारियों से जुड़ी महत्वपूर्ण मांगों का समाधान नहीं होने से उनमें असंतोष बढ़ रहा है। विशेष रूप से दिवाली बोनस को लेकर स्थिति स्पष्ट नहीं होने से कर्मचारी नाराज हैं। यूनियन ने प्रबंधन से कर्मचारियों की भावनाओं को ध्यान में रखते हुए जल्द निर्णय लेने की मांग की।



हैवी इलेक्ट्रिकल वर्कर्स ट्रेड यूनियन के महामंत्री विकास सिंह ने कहा कि भेल के कर्मचारी संस्थान की प्रगति और उत्पादन में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। ऐसे में कर्मचारियों के हितों की अनदेखी नहीं की जानी चाहिए। उन्होंने कहा कि दिवाली बोनस कर्मचारियों से जुड़ा महत्वपूर्ण विषय है और प्रबंधन को इस संबंध में शीघ्र घोषणा करनी चाहिए, ताकि कर्मचारियों में बनी अनिश्चितता समाप्त हो सके।


यूनियन ने 27 अक्टूबर को प्रस्तावित संयुक्त समिति की जेसीएम बैठक ऑनलाइन आयोजित किए जाने पर भी आपत्ति जताई है। पदाधिकारियों ने मांग की कि कर्मचारियों की समस्याओं पर प्रभावी चर्चा के लिए बैठक ऑनलाइन के बजाय भौतिक रूप से आयोजित की जाए। यूनियन का कहना है कि आमने-सामने बैठक होने से कर्मचारी प्रतिनिधि अपनी समस्याओं को बेहतर तरीके से प्रबंधन के सामने रख सकेंगे और उनके समाधान की दिशा में ठोस निर्णय लिए जा सकेंगे।


यूनियन के महामंत्री विकास सिंह ने आर्टिजन भर्ती प्रक्रिया में मृतक आश्रितों को पूर्व की भांति 25 प्रतिशत आरक्षण दिए जाने की मांग प्रमुखता से उठाई। उन्होंने कहा कि मृतक कर्मचारियों के आश्रितों के हितों की रक्षा करना प्रबंधन की जिम्मेदारी है। ऐसे परिवारों को रोजगार के अवसर उपलब्ध कराने के लिए पूर्व में लागू व्यवस्था को जारी रखा जाना चाहिए, जिससे उन्हें आर्थिक और सामाजिक सुरक्षा मिल सके।
इसके साथ ही यूनियन ने भेल में कार्यरत कर्मचारियों के आश्रितों के लिए भी भर्ती प्रक्रिया में अलग से आरक्षण की व्यवस्था करने की मांग उठाई। यूनियन पदाधिकारियों का कहना है कि कर्मचारियों के परिवारों के भविष्य को ध्यान में रखते हुए प्रबंधन को इस दिशा में ठोस नीति बनानी चाहिए। कर्मचारियों के आश्रितों को रोजगार के अवसर उपलब्ध कराने से उनके परिवारों को आर्थिक मजबूती मिल सकेगी।




प्रदर्शन के दौरान कर्मचारियों ने कहा कि उनकी समस्याओं को लेकर यूनियन लगातार प्रबंधन का ध्यान आकर्षित कर रही है, लेकिन कई मांगों पर अब तक अपेक्षित कार्रवाई नहीं हुई है। यूनियन ने प्रबंधन से कर्मचारियों से जुड़े मुद्दों को प्राथमिकता के आधार पर हल करने और लंबित मांगों पर स्पष्ट निर्णय लेने की अपील की। पदाधिकारियों ने कहा कि कर्मचारियों की समस्याओं का समय पर समाधान होने से संस्थान में बेहतर औद्योगिक वातावरण बनाए रखने में मदद मिलेगी।

यूनियन ने स्पष्ट किया कि कर्मचारियों के अधिकारों और हितों से किसी प्रकार का समझौता नहीं किया जाएगा। संगठन ने प्रबंधन से दिवाली बोनस की जल्द घोषणा करने, आर्टिजन भर्ती में मृतक आश्रितों के लिए 25 प्रतिशत आरक्षण बहाल करने, कार्यरत कर्मचारियों के आश्रितों के लिए अलग आरक्षण की व्यवस्था करने और जेसीएम बैठक भौतिक रूप से आयोजित करने की मांग की है। यूनियन का कहना है कि इन मांगों पर गंभीरता से विचार किया जाना आवश्यक है।

वहीं, हैवी इलेक्ट्रिकल वर्कर्स ट्रेड यूनियन ने भेल प्रबंधन को चेतावनी देते हुए कहा कि यदि कर्मचारियों की जायज मांगों पर शीघ्र सकारात्मक कार्रवाई नहीं की गई तो संगठन आंदोलन करने के लिए बाध्य होगा। यूनियन ने कहा कि आंदोलन से उत्पन्न होने वाली परिस्थितियों की पूरी जिम्मेदारी भेल प्रबंधन की होगी। फिलहाल दिवाली बोनस और अन्य मांगों को लेकर कर्मचारियों में नाराजगी बनी हुई है और अब सभी की निगाहें प्रबंधन के आगामी निर्णय पर टिकी हैं।

