दिल्ली में एसएफआई और डीयूएफआई का विरोध मार्च, पुलिस ने बीच रास्ते में रोका

दिल्ली में एसएफआई और डीयूएफआई का विरोध मार्च, पुलिस ने बीच रास्ते में रोका

ब्यूरो रिपोर्ट

राजधानी दिल्ली में विरोध प्रदर्शनों का सिलसिला जारी है। इसी क्रम में बुधवार को स्टूडेंट्स फेडरेशन ऑफ इंडिया (एसएफआई) और डेमोक्रेटिक यूथ फेडरेशन ऑफ इंडिया (डीयूएफआई) के कार्यकर्ताओं ने संयुक्त रूप से विरोध मार्च निकाला। फिरोजशाह रोड से जंतर-मंतर की ओर बढ़ रहे प्रदर्शनकारियों को दिल्ली पुलिस ने बीच रास्ते में ही रोक दिया।

प्रदर्शनकारी मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे और जंतर-मंतर को दोबारा निर्धारित विरोध स्थल बनाने की मांग कर रहे थे। इस दौरान कार्यकर्ताओं ने ‘रिक्लेम जंतर-मंतर’ और ‘ज्ञानेश कुमार इस्तीफा दो’ जैसे नारे लगाए। प्रदर्शनकारियों के हाथों में झंडे और प्लेकार्ड भी नजर आए।

प्रदर्शन के दौरान पुलिस ने बैरिकेडिंग लगाकर मार्च को आगे बढ़ने से रोक दिया। सोशल मीडिया पर प्रसारित वीडियो में पुलिसकर्मी बैरिकेडिंग के पीछे तैनात दिखाई दे रहे हैं, जबकि प्रदर्शनकारी नारेबाजी करते नजर आ रहे हैं।

गौरतलब है कि जंतर-मंतर को हाल ही में निर्धारित विरोध प्रदर्शन स्थलों की सूची से हटाए जाने की जानकारी सामने आई थी। इसके बाद दिल्ली पुलिस ने रामलीला मैदान, बुराड़ी ग्राउंड और पूर्वी दिल्ली के सीबीडी ग्राउंड को वैकल्पिक प्रदर्शन स्थलों के रूप में घोषित किया है।

वहीं, निर्धारित स्थलों से संबंधित आदेश के उल्लंघन के मामले में कॉकरोच जनता पार्टी के सौरव दास और आशुतोष रांका को पांच दिन की न्यायिक हिरासत में तिहाड़ जेल भेजे जाने की भी खबर है।

राजधानी में विरोध प्रदर्शनों के लिए निर्धारित स्थलों और उनसे जुड़े नियमों को लेकर राजनीतिक एवं सामाजिक संगठनों की गतिविधियां लगातार चर्चा में बनी हुई हैं।