SIR के खिलाफ कांग्रेस ने बनाई रणनीति, हल्द्वानी में पदयात्रा और नैनीताल में धरने का ऐलान

SIR के खिलाफ कांग्रेस ने बनाई रणनीति, हल्द्वानी में पदयात्रा और नैनीताल में धरने का ऐलान

स्थान : हल्द्वानी
रिपोर्टर : पंकज सक्सेना

विशेष गहन पुनरीक्षण यानी SIR और चुनाव आयोग की कार्यप्रणाली को लेकर कांग्रेस ने उत्तराखंड में अपना विरोध तेज करने की रणनीति बनाई है। बुधवार को हल्द्वानी में आयोजित प्रेस वार्ता में कांग्रेस नेताओं ने आगामी आंदोलन की रूपरेखा साझा की।

हल्द्वानी विधायक सुमित हृदयेश ने कहा कि कांग्रेस SIR प्रक्रिया को लेकर व्यापक स्तर पर विरोध दर्ज कराएगी। उन्होंने बताया कि हल्द्वानी में पदयात्रा निकाली जाएगी, जबकि नैनीताल में नेता प्रतिपक्ष के नेतृत्व में धरना-प्रदर्शन आयोजित किया जाएगा।

कांग्रेस नेताओं ने मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग भी दोहराई। राष्ट्रीय स्तर पर भी कांग्रेस और अन्य विपक्षी दल हाल के दिनों में SIR और मुख्य चुनाव आयुक्त की भूमिका को लेकर विरोध प्रदर्शन कर रहे हैं।

प्रेस वार्ता में कांग्रेस नेता ललित जोशी ने नगर निकाय चुनाव का जिक्र करते हुए चुनावी प्रक्रिया पर गंभीर आरोप लगाए। उन्होंने दावा किया कि उनके चुनाव के दौरान भी मतदान प्रक्रिया में गड़बड़ियां हुई थीं और उनका मुकाबला केवल भाजपा से नहीं बल्कि चुनावी व्यवस्था से भी था। इन आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि सामने नहीं आई है।

ललित जोशी ने आरोप लगाया कि SIR के जरिए मतदाता सूची से लोगों के नाम प्रभावित किए जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि कांग्रेस इस मुद्दे पर जनता के बीच जाएगी और पात्र मतदाताओं के नाम मतदाता सूची में सुरक्षित रखने की मांग उठाएगी।

कांग्रेस नेताओं का कहना है कि पार्टी की ओर से पदयात्रा, धरना और घेराव जैसे कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। पार्टी का जोर मतदाता सूची में पारदर्शिता और प्रत्येक पात्र नागरिक के मतदान अधिकार को सुनिश्चित करने की मांग पर रहेगा।

देश के विभिन्न हिस्सों में भी विपक्ष मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के खिलाफ प्रदर्शन कर रहा है। दिल्ली में 6 अक्टूबर को राहुल गांधी समेत कई विपक्षी नेताओं ने चुनाव आयोग के खिलाफ विरोध दर्ज कराया और ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग की।

हल्द्वानी की प्रेस वार्ता के बाद अब कांग्रेस SIR के मुद्दे को सड़क पर ले जाने की तैयारी में है। आने वाले दिनों में प्रस्तावित पदयात्रा और नैनीताल के धरने के जरिए पार्टी चुनाव आयोग और मतदाता सूची पुनरीक्षण प्रक्रिया को लेकर अपनी मांगों को प्रमुखता से उठाएगी।