
स्थान : हल्द्वानी
रिपोर्टर : पंकज सक्सेना

सोबन सिंह जीना बेस अस्पताल में सीटी स्कैन मशीन लंबे समय से बंद होने के कारण मरीजों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। अस्पताल में जांच सुविधा उपलब्ध नहीं होने से मरीजों को निजी केंद्रों अथवा अन्य अस्पतालों का रुख करना पड़ रहा है। अगस्त 2026 की एक रिपोर्ट के मुताबिक मशीन करीब डेढ़ साल से बंद थी।

बताया गया है कि अस्पताल में लगी सीटी स्कैन मशीन सड़क चौड़ीकरण के दौरान दूसरे स्थान पर शिफ्ट की गई थी। शिफ्टिंग के बाद मशीन चालू नहीं हो सकी। अस्पताल प्रशासन की ओर से इसे दुरुस्त कराने के लिए स्वास्थ्य निदेशालय से पत्राचार और रिमाइंडर भेजे गए, लेकिन मशीन की मरम्मत नहीं हो पाई।



अस्पताल प्रशासन के मुताबिक अब मशीन के जरूरी पार्ट्स भी उपलब्ध नहीं हो रहे हैं, जिसके चलते पुरानी मशीन को उपयोग में लाना मुश्किल हो गया है। इसी कारण नई सीटी स्कैन मशीन उपलब्ध कराने के लिए शासन और निदेशालय को प्रस्ताव भेजा गया है।


सीटी स्कैन सुविधा बंद होने का सीधा असर मरीजों पर पड़ रहा है। पहले अस्पताल में प्रतिदिन करीब 12 से 15 मरीजों की सीटी स्कैन जांच होती थी, लेकिन मशीन बंद होने के बाद मरीजों को सुशीला तिवारी अस्पताल या निजी जांच केंद्रों में जाना पड़ रहा है।



निजी केंद्रों में जांच कराने से मरीजों पर अतिरिक्त आर्थिक बोझ भी पड़ रहा है। खासकर आर्थिक रूप से कमजोर मरीजों और उनके तीमारदारों के लिए सरकारी अस्पताल में यह सुविधा उपलब्ध न होना बड़ी समस्या बन गया है।
सीटी स्कैन मशीन की खराबी का मामला विधानसभा स्तर तक भी उठ चुका है। हल्द्वानी विधायक सुमित हृदयेश की ओर से सोबन सिंह जीना बेस अस्पताल की खराब सीटी स्कैन मशीन को लेकर सरकार से सवाल पूछा गया था।




अस्पताल प्रशासन का कहना है कि नई सीटी स्कैन मशीन उपलब्ध कराने के लिए उच्च स्तर पर पत्राचार किया गया है। हालांकि नई मशीन कब तक मिलेगी, इसे लेकर स्पष्ट समयसीमा सामने नहीं आई है। इसी बीच मरीजों को वैकल्पिक व्यवस्था पर निर्भर रहना पड़ रहा है।

एक ओर प्रदेश में स्वास्थ्य सेवाओं को बेहतर बनाने के दावे किए जा रहे हैं, वहीं हल्द्वानी के प्रमुख सरकारी अस्पताल में सीटी स्कैन जैसी महत्वपूर्ण जांच सुविधा का बंद रहना व्यवस्था पर सवाल खड़े कर रहा है। मरीजों और तीमारदारों की मांग है कि नई मशीन जल्द उपलब्ध कराकर जांच सेवा बहाल की जाए।

