स्नेहा भण्डारी ने मैस्कॉट डिज़ाइन में पाया पहला स्थान, अंकित सिंह रावत का स्लोगन रहा अव्वल

स्नेहा भण्डारी ने मैस्कॉट डिज़ाइन में पाया पहला स्थान, अंकित सिंह रावत का स्लोगन रहा अव्वल

स्थान : देहरादून
ब्यूरो रिपोर्ट

मसूरी-देहरादून विकास प्राधिकरण (एमडीडीए) ने अपनी पहचान को जनभागीदारी और रचनात्मकता से जोड़ने की दिशा में पहल करते हुए मैस्कॉट डिज़ाइन एवं स्लोगन प्रतियोगिता-2026 के विजेताओं को सम्मानित किया। बुधवार को प्राधिकरण कार्यालय में आयोजित कार्यक्रम में एमडीडीए उपाध्यक्ष बंशीधर तिवारी ने विजेताओं को पुरस्कार राशि और प्रशस्ति-पत्र प्रदान किए।

एमडीडीए की ओर से प्रतियोगिता का आयोजन 3 अगस्त से 16 अगस्त तक किया गया था। इसका उद्देश्य आमजन की रचनात्मक सोच के माध्यम से प्राधिकरण की पहचान को नया स्वरूप देना और लोगों को एमडीडीए के विजन तथा कार्यप्रणाली से जोड़ना था।

प्रतियोगिता में प्रतिभागियों को मैस्कॉट और स्लोगन के माध्यम से एमडीडीए के मूल्यों, विकास दृष्टिकोण और जनसरोकारों को प्रभावी ढंग से प्रस्तुत करने का अवसर दिया गया। प्राप्त प्रविष्टियों में प्रतिभागियों की कल्पनाशीलता और रचनात्मक सोच देखने को मिली।

मैस्कॉट डिज़ाइन प्रतियोगिता में स्नेहा भण्डारी ने प्रथम स्थान हासिल किया। उन्हें 50 हजार रुपये की पुरस्कार राशि और प्रशस्ति-पत्र देकर सम्मानित किया गया। उनके डिज़ाइन को निर्णायक मंडल ने प्रतियोगिता में सर्वश्रेष्ठ चुना।

अनुराग रमोला ने मैस्कॉट डिज़ाइन प्रतियोगिता में दूसरा स्थान प्राप्त किया। उन्हें 30 हजार रुपये की पुरस्कार राशि प्रदान की गई। वहीं अंकिता बिष्ट तीसरे स्थान पर रहीं और उन्हें 15 हजार रुपये का पुरस्कार दिया गया।

स्लोगन प्रतियोगिता में अंकित सिंह रावत ने प्रथम स्थान हासिल किया। उन्हें 10 हजार रुपये की पुरस्कार राशि और प्रशस्ति-पत्र देकर सम्मानित किया गया। उनके स्लोगन को प्राधिकरण की पहचान और जनसरोकारों को प्रभावी रूप से प्रस्तुत करने वाला माना गया।

इस अवसर पर एमडीडीए उपाध्यक्ष बंशीधर तिवारी ने विजेताओं को बधाई देते हुए कहा कि प्रतियोगिता में सामने आई रचनात्मकता लोगों के प्राधिकरण से जुड़ाव को दर्शाती है। उन्होंने कहा कि विकास कार्यों के साथ जनभागीदारी और नवाचार को बढ़ावा देना एमडीडीए की प्राथमिकताओं में शामिल है।

सम्मान समारोह में संयुक्त सचिव गौरव चटवाल, वित्त नियंत्रक संजीव कुमार सहित एमडीडीए के अधिकारी, कर्मचारी और प्रतियोगिता के प्रतिभागी मौजूद रहे। प्राधिकरण ने भविष्य में भी जनसहभागिता और रचनात्मक गतिविधियों को प्रोत्साहित करने की प्रतिबद्धता जताई।