हल्द्वानी में प्रांतीय व्यापारी सम्मेलन का सीएम धामी ने किया शुभारंभ, व्यापारियों के हित में की आठ बड़ी घोषणाएं

हल्द्वानी में प्रांतीय व्यापारी सम्मेलन का सीएम धामी ने किया शुभारंभ, व्यापारियों के हित में की आठ बड़ी घोषणाएं

स्थान : हल्द्वानी
रिपोर्टर : संजय जोशी

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने हल्द्वानी में आयोजित उत्तराखंड प्रांतीय व्यापारी सम्मेलन का दीप प्रज्वलित कर शुभारंभ किया। इस अवसर पर प्रदेशभर से आए व्यापारियों को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि व्यापारी वर्ग किसी भी राज्य की अर्थव्यवस्था की रीढ़ होता है। व्यापारी न केवल वस्तुओं के क्रय-विक्रय का कार्य करते हैं, बल्कि रोजगार सृजन, स्थानीय अर्थव्यवस्था को गति देने और प्रदेश की आर्थिक प्रगति में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। मुख्यमंत्री ने सम्मेलन में व्यापारी हितों से जुड़ी आठ महत्वपूर्ण घोषणाएं भी कीं।

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि छोटे दुकानदारों से लेकर बड़े उद्योगपतियों तक प्रत्येक व्यापारी प्रदेश के आर्थिक विकास में महत्वपूर्ण योगदान दे रहा है। उन्होंने कोविड-19 महामारी के दौरान व्यापारियों की भूमिका को याद करते हुए कहा कि कठिन परिस्थितियों में भी व्यापारियों ने आवश्यक वस्तुओं की आपूर्ति सुनिश्चित कर समाज के प्रति अपनी जिम्मेदारी निभाई। मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार व्यापारियों की सुरक्षा, सम्मान और हितों की रक्षा के लिए प्रतिबद्ध है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार व्यापारियों को केवल करदाता नहीं, बल्कि प्रदेश के विकास में महत्वपूर्ण भागीदार मानती है। सरकार का उद्देश्य व्यापारियों के लिए भयमुक्त, सुरक्षित और पारदर्शी व्यावसायिक वातावरण उपलब्ध कराना है। उन्होंने कहा कि व्यापारियों को अनावश्यक सरकारी प्रक्रियाओं और कार्यालयों के चक्कर लगाने से राहत दिलाने के लिए व्यवस्थाओं को सरल बनाया जा रहा है। साथ ही व्यापारियों की समस्याओं के समयबद्ध समाधान के लिए निरंतर संवाद स्थापित करने पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है।

मुख्यमंत्री धामी ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में देश में व्यापार, उद्यमिता, डिजिटल लेन-देन और वित्तीय समावेशन को बढ़ावा मिला है। उन्होंने बताया कि उत्तराखंड में निवेश और व्यापार से जुड़ी प्रक्रियाओं को सरल बनाने के लिए सिंगल विंडो सिस्टम को मजबूत किया गया है। इसके माध्यम से 26 प्रमुख विभागों की 206 से अधिक सेवाएं ऑनलाइन उपलब्ध कराई गई हैं। इसके अलावा निवेशकों की समस्याओं के समाधान के लिए निवेश मित्र व्यवस्था और उद्यमिता को प्रोत्साहित करने के लिए उत्तराखंड स्टार्टअप नीति के तहत 200 करोड़ रुपये के वेंचर फंड की व्यवस्था का भी उल्लेख किया।

मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार औद्योगिक विकास को केवल मैदानी क्षेत्रों तक सीमित नहीं रखना चाहती, बल्कि पर्वतीय क्षेत्रों में भी रोजगार और स्वरोजगार के अवसर विकसित किए जा रहे हैं। उन्होंने बताया कि चमोली, पौड़ी और अल्मोड़ा जनपदों में छोटे उद्योगों को बढ़ावा देने के लिए विशेष औद्योगिक पार्कों हेतु भूमि चिह्नित की गई है। सरकार का प्रयास है कि स्थानीय युवाओं को अपने ही क्षेत्रों में रोजगार और उद्यमिता के अवसर उपलब्ध हों, ताकि रोजगार के लिए होने वाले पलायन को कम किया जा सके।

व्यापारी सम्मेलन में मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने व्यापारियों के हितों को लेकर आठ महत्वपूर्ण घोषणाएं कीं। उन्होंने कहा कि प्राकृतिक आपदा या अन्य आपदाओं से प्रभावित व्यापारियों को नियमानुसार राहत उपलब्ध कराने के लिए कार्रवाई की जाएगी। व्यापारियों की समस्याओं के समाधान के लिए राज्य और जिला स्तर पर उद्योग मित्र समितियों का पुनर्गठन कर नियमित बैठकें आयोजित की जाएंगी। इसके साथ ही जीएसटी पंजीकृत व्यापारियों के दुर्घटना बीमा से संबंधित जानकारी का व्यापक प्रचार-प्रसार किया जाएगा, ताकि पात्र व्यापारियों के आश्रित समय पर बीमा दावे का लाभ प्राप्त कर सकें।

मुख्यमंत्री ने पर्यटन व्यवसाय को बढ़ावा देने के लिए पंजीकरण प्रक्रिया सरल बनाने और सिंगल विंडो व्यवस्था लागू करने की घोषणा की। उन्होंने कहा कि पर्यटन बहुल क्षेत्रों और जिला मुख्यालयों में होम स्टे सुविधाओं का विस्तार किया जाएगा। इसके साथ ही चारधाम यात्रा मार्ग पर आवश्यक स्थानों पर पार्किंग सुविधाएं विकसित की जाएंगी। राष्ट्रीय राजमार्गों, राज्य मार्गों और प्रमुख बाजारों से जुड़ी सड़कों एवं नालियों के निर्माण और मरम्मत कार्यों को प्राथमिकता दी जाएगी। मुख्यमंत्री ने व्यावसायिक प्रतिष्ठानों में कार्यरत श्रम विभाग में पंजीकृत श्रमिकों को कर्मकार कल्याण बोर्ड की योजनाओं का लाभ दिलाने की बात भी कही।

मुख्यमंत्री धामी ने कहा कि उत्तराखंड की अर्थव्यवस्था को मजबूत बनाने में स्थानीय व्यापार, पर्यटन, लघु उद्योग और स्वरोजगार की महत्वपूर्ण भूमिका है। सरकार चाहती है कि प्रदेश के व्यापारी केवल स्थानीय बाजारों तक सीमित न रहें, बल्कि राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अपनी पहचान बनाएं। उन्होंने कहा कि उत्तराखंड को आध्यात्मिक शक्ति के साथ आर्थिक शक्ति का केंद्र बनाने का लक्ष्य रखा गया है। मुख्यमंत्री ने व्यापारियों से प्रदेश के विकास में सक्रिय भागीदारी निभाने का आह्वान करते हुए आत्मनिर्भर और विकसित उत्तराखंड के संकल्प को साकार करने में सहयोग देने की अपील की।

सम्मेलन के दौरान प्रांतीय उद्योग व्यापार मंडल की स्मारिका का विमोचन किया गया और विभिन्न व्यापार मंडल इकाइयों के प्रतिनिधियों को सम्मानित किया गया। इस अवसर पर सांसद अजय भट्ट, कैबिनेट मंत्री राम सिंह कैड़ा, विधायक बंशीधर भगत, सरिता आर्या, मेयर गजराज सिंह बिष्ट, प्रांतीय उद्योग व्यापार प्रतिनिधि मंडल के प्रदेश अध्यक्ष नवीन वर्मा, प्रदेश महामंत्री प्रकाश मिश्रा, प्रदेश सह-कोषाध्यक्ष विष्णु शर्मा, सचिव बिट्टू पालीवाल, भाजपा जिलाध्यक्ष प्रताप बिष्ट, दर्जा राज्यमंत्री डॉ. अनिल कपूर डब्बू, राज्यमंत्री मोहन पाठक, जिलाधिकारी ललित मोहन रयाल, एसएसपी डॉ. मंजूनाथ टीसी, मुख्य विकास अधिकारी अरविंद कुमार पाण्डेय, अपर जिलाधिकारी विवेक राय सहित बड़ी संख्या में व्यापारी, जनप्रतिनिधि और अधिकारी उपस्थित रहे।